नई दिल्ली/ग्राउंड ब्यूरो — हिंदी सिनेमा के दिग्गज और दमदार अभिनेता नाना पाटेकर ने अपनी एक्टिंग के दम पर करोड़ों दिलों पर राज किया है। उनकी फिल्मों और संवाद बोलने के अंदाज का हर कोई दीवाना है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि इतने बड़े सुपरस्टार के घर में रहने के बावजूद उनका बेटा मल्हार पाटेकर फिल्मी दुनिया और लाइमलाइट से कोसों दूर रहता है। आज के समय में जहां स्टार किड्स तुरंत सोशल मीडिया पर छाए रहना चाहते हैं, वहीं मल्हार बिल्कुल अलग रास्ते पर चलते हैं। वह बहुत ही साधारण जिंदगी जीना पसंद करते हैं और शायद ही कभी किसी फिल्मी पार्टी या सार्वजनिक कार्यक्रम में नजर आते हैं।
नाना पाटेकर की निजी जिंदगी में कई उतार-चढ़ाव आए हैं। सालों पहले अभिनेता ने अपने बड़े बेटे को खोने का बहुत बड़ा गम झेला था। उस दुखद हादसे के बाद उनके इकलौते बेटे मल्हार ही उनके परिवार का सबसे बड़ा सहारा बने। नाना पाटेकर अपने परिवार को मीडिया की चकाचौंध से हमेशा बचाकर रखते हैं। उन्होंने अपने बच्चों को कभी भी स्टारडम का घमंड नहीं सिखाया। यही वजह है कि मल्हार ने फिल्मों में हीरो बनने के बजाय एक अलग और शांत क्षेत्र में अपनी पहचान बनाने का फैसला किया।
फिल्मों से दूरी और सिंपल लाइफस्टाइल
मल्हार पाटेकर ने बॉलीवुड की चकाचौंध भरी दुनिया को कभी नहीं अपनाया। जबकि उनके पिता नाना पाटेकर भारतीय सिनेमा के सबसे सम्मानित कलाकारों में गिने जाते हैं, मल्हार ने कैमरे के सामने आने के बजाय पर्दे के पीछे रहना बेहतर समझा। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, मल्हार ने राम गोपाल वर्मा की फिल्म 'द अटैक्स ऑफ 26/11' में बतौर सहायक निर्देशक काम किया था। इससे यह साफ होता है कि उन्हें सिनेमा की बारीकियां सीखने का शौक तो है, लेकिन अभिनय करना उनका लक्ष्य नहीं था। वह फिल्मों के तकनीकी पहलुओं में रुचि रखते हैं, लेकिन अपनी पहचान को हमेशा सुर्खियों से बचाकर रखते हैं।
आम तौर पर स्टार किड्स के पास महंगी गाड़ियां और हाई-फाइल लाइफस्टाइल होती है, लेकिन मल्हार इसके बिल्कुल उलट जमीन से जुड़े हुए इंसान हैं। वह बेहद सादगी से रहना पसंद करते हैं। मुंबई की भीड़भाड़ और पार्टियों से दूर वह अपना ज्यादातर समय अपने काम और परिवार के साथ बिताते हैं। नाना पाटेकर खुद भी बहुत सादगी भरा जीवन जीते हैं और वह अक्सर अपनी जमीन से जुड़ी आदतों के लिए जाने जाते हैं। पिता के इन संस्कारों का गहरा असर मल्हार के ऊपर भी साफ दिखाई देता है।
मल्हार पाटेकर क्या काम करते हैं और अब कहां हैं?
अभिनय की दुनिया से दूर रहने वाले मल्हार पाटेकर अपने पेशेवर जीवन में काफी सक्रिय हैं। वह सामाजिक कार्यों और खेती-किसानी में भी अपने पिता का पूरा साथ देते हैं। नाना पाटेकर का फाउंडेशन 'नाम फाउंडेशन' किसानों की मदद के लिए जाना जाता है। इस सामाजिक कार्य में मल्हार भी कई बार पर्दे के पीछे रहकर महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। वह उन चुनिंदा स्टार किड्स में से हैं जो सोशल मीडिया की बनावटी दुनिया से पूरी तरह दूर रहना पसंद करते हैं। उनका कोई भी सक्रिय या चर्चित सोशल मीडिया अकाउंट नहीं है जो उनकी निजी जिंदगी में तांक-झांक करने की इजाजत दे।
हाल ही में नाना पाटेकर के स्वास्थ्य और जीवन से जुड़ी कई तरह की खबरें सोशल मीडिया पर वायरल होती रहती हैं। ऐसे समय में मल्हार अपने पिता की ढाल बनकर उनके साथ खड़े रहते हैं। परिवार के लिए यह दौर काफी भावनात्मक रहा है, खासकर पुराने दुखों को पीछे छोड़कर आगे बढ़ने का सफर आसान नहीं था। मल्हार ने हमेशा अपनी मां और पिता का साथ दिया है। यही वजह है कि नाना पाटेकर अपने बेटे पर बहुत गर्व महसूस करते हैं।
स्टार किड होने के बाद भी लाइमलाइट से परहेज
आज के दौर में जहां स्टार किड्स को लॉन्च करने के लिए बड़े-बड़े बैनर तैयार रहते हैं, मल्हार पाटेकर का यह रवैया हैरान करने वाला है। उन्होंने कभी भी अपने पिता के नाम का फायदा उठाकर फिल्मों में मुख्य अभिनेता बनने की कोशिश नहीं की। उन्होंने अपनी मेहनत और पसंद के आधार पर अपने जीवन का रास्ता चुना है। द फ्रीलान्स की पड़ताल से यह बात सामने आती है कि कुछ सितारे ऐसे भी होते हैं जो शोहरत के पीछे भागने के बजाय सुकून भरी जिंदगी को चुनते हैं। मल्हार पाटेकर का यह सफर इस बात की मिसाल है कि स्टार किड होना जरूरी नहीं कि आपको अभिनय की दुनिया में ही खींचे।







