दक्षिण भारतीय सिनेमा के लोकप्रिय कलाकार विजय देवरकोंडा और रश्मिका मंदाना की नई फिल्म 'रणबाली' आज सिनेमाघरों में रिलीज हो गई है। पर्दे पर 'विरोश' के नाम से मशहूर इस जोड़ी को देखने के लिए फैंस लंबे समय से इंतजार कर रहे थे। फिल्म का ट्रेलर आने के बाद से ही दर्शकों में भारी उत्साह बना हुआ था। लेकिन जैसे ही फिल्म के पहले शो खत्म हुए, सोशल मीडिया पर शिकायतों की बाढ़ आ गई।
माइक्रोब्लॉगिंग साइट एक्स पर इस फिल्म को लेकर मिली-जुली नहीं बल्कि ज्यादातर नकारात्मक प्रतिक्रियाएं ही देखने को मिल रही हैं। कई दर्शकों ने फिल्म की कहानी और इसके निर्देशन पर सीधा सवाल उठाया है। लोग खुलकर लिख रहे हैं कि बड़े पर्दे पर इस तरह की फिल्म देखना उनके लिए किसी सजा या टॉर्चर जैसा अनुभव रहा है।
गाने और अभिनय पर उठे तीखे सवाल
दर्शकों का मुख्य गुस्सा फिल्म के गानों और कलाकारों के अभिनय पर फूटा है। सोशल मीडिया यूजर्स का कहना है कि फिल्म के गाने कहानी के साथ बिल्कुल मेल नहीं खाते हैं। इसके अलावा मुख्य कलाकारों की एक्टिंग को भी क्रिंज बताया जा रहा है। फैंस का मानना है कि इस बार दोनों कलाकारों की ऑन-स्क्रीन केमिस्ट्री वह जादू बिखेरने में पूरी तरह नाकाम रही जिसकी उम्मीद की जा रही थी।
कई सिनेमा प्रेमियों ने यह भी लिखा है कि पीरियड-ड्रामा जैसी भारी-भरकम शैली के लिए जिस मजबूत पटकथा की जरूरत होती है, वह इस फिल्म में नदारद है। निर्देशक इस ऐतिहासिक और काल्पनिक पृष्ठभूमि को पर्दे पर जीवंत करने में पूरी तरह असफल रहे हैं। कमजोर संवाद और धीमी रफ्तार ने दर्शकों का धैर्य पूरी तरह से परीक्षा में डाल दिया।
बॉक्स ऑफिस पर शुरुआती झटके
सोशल मीडिया पर आ रही इन खराब प्रतिक्रियाओं का सीधा असर फिल्म की शुरुआती कमाई पर पड़ सकता है। आज के समय में दर्शक सिनेमाघर जाने से पहले ऑनलाइन रिव्यू जरूर देखते हैं। ऐसे में एक्स पर मिल रहे इन नकारात्मक फीडबैक से फिल्म के निर्माताओं की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। वीकेंड पर फिल्म को बॉक्स ऑफिस पर अच्छी कमाई करने के लिए अब कड़ी मशक्कत करनी होगी।
हालांकि कुछ फैंस ने दोनों कलाकारों के समर्पण की तारीफ भी की है, लेकिन कुल मिलाकर आम जनता का मूड फिल्म के खिलाफ ही नजर आ रहा है। ट्रेड एनालिस्ट्स का मानना है कि यदि आने वाले दिनों में सकारात्मक माउथ पब्लिसिटी नहीं मिली, तो फिल्म के लिए अपनी लागत निकालना भी मुश्किल हो जाएगा।
दर्शकों की निराशा और आगे का हाल
सिनेमाघरों से बाहर निकल रहे आम दर्शकों का साफ कहना है कि वे इस फिल्म से बहुत ज्यादा उम्मीद लगाकर आए थे। विजय देवरकोंडा और रश्मिका मंदाना की लोकप्रियता के बावजूद फिल्म दर्शकों को बांधकर रखने में बुरी तरह फेल साबित हुई है। अब देखना यह होगा कि मेकर्स इन शुरुआती प्रतिक्रियाओं के बाद फिल्म के प्रचार में कोई बदलाव करते हैं या नहीं।
द फ्रीलान्स की इस ग्राउंड पड़ताल से साफ है कि सोशल मीडिया का यह दौर किसी भी फिल्म की किस्मत तय करने में अहम भूमिका निभा रहा है। 'रणबाली' के मामले में भी एक्स पर चल रहे इन रिव्यू ने साफ कर दिया है कि दर्शक अब केवल बड़े कलाकारों के नाम पर खराब कंटेंट को स्वीकार करने के बिल्कुल तैयार नहीं हैं।












