होम/देश/प्रत्युषा बनर्जी सुसाइड केस में 10 साल बाद बड़ा फैसला: बॉम्बे हाईकोर्ट ने बॉयफ्रेंड राहुल राज सिंह को किया बरी
देशपढ़ने में समय: 6 मिनट

प्रत्युषा बनर्जी सुसाइड केस में 10 साल बाद बड़ा फैसला: बॉम्बे हाईकोर्ट ने बॉयफ्रेंड राहुल राज सिंह को किया बरी

लोकप्रिय टेलीविज़न धारावाहिक 'बालिका वधू' की जानी-मानी अभिनेत्री प्रत्युषा बनर्जी आत्महत्या मामले में बॉम्बे हाईकोर्ट ने बड़ा फैसला सुनाया है। अदालत ने करीब एक दशक पुराने इस मामले में आरोपी और अभिनेत्री के तत्कालीन बॉयफ्रेंड राहुल राज सिंह को सभी आरोपों से मुक्त कर दिया है।
✍️
नेशनल डेस्क, द फ्रीलांस
राष्ट्रीय संपादकीय ब्यूरो•30 सितंबर 2026 • अपडेटेड•26
🌐Read in English →
शेयर करें:
प्रत्युषा बनर्जी सुसाइड केस में 10 साल बाद बड़ा फैसला: बॉम्बे हाईकोर्ट ने बॉयफ्रेंड राहुल राज सिंह को किया बरी
📷 प्रत्युषा बनर्जी सुसाइड केस में 10 साल बाद बड़ा फैसला: बॉम्बे हाईकोर्ट ने बॉयफ्रेंड राहुल राज सिंह को किया बरी — मुख्य घटनाक्रमफोटो साभार: रॉयटर्स / एजेंसीज़ / सोशल मीडिया

खबर की बड़ी बातें (Key Highlights)

  • बॉम्बे हाईकोर्ट ने प्रत्युषा बनर्जी सुसाइड केस में राहुल राज सिंह को बरी कर दिया है.
  • जस्टिस शिवकुमार डिगे की बेंच ने आत्महत्या से पहले दोनों के बीच हुई आखिरी बातचीत को मुख्य आधार बनाया.
  • प्रत्युषा के माता-पिता ने राहुल पर शारीरिक, मानसिक और आर्थिक प्रताड़ना का गंभीर आरोप लगाया था.
  • साल 2016 में मुंबई के फ्लैट में अभिनेत्री ने फांसी लगाकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली थी.

प्रत्युषा बनर्जी आत्महत्या मामला: एक दशक पुराना कानूनी संघर्ष और नया मोड़

टेलीविजन जगत की मशहूर अभिनेत्री प्रत्युषा बनर्जी की रहस्यमयी मौत और उससे जुड़े कानूनी विवाद ने एक बार फिर देश का ध्यान अपनी ओर खींचा है। 'बालिका वधू' सीरियल में आनंदी का किरदार निभाकर घर-घर में अपनी खास पहचान बनाने वाली इस युवा अदाकारा ने अप्रैल 2016 में दुनिया को अलविदा कह दिया था। इस बहुचर्चित मामले में लगभग दस साल का लंबा समय बीत जाने के बाद बॉम्बे हाईकोर्ट ने एक बड़ा और अहम न्यायिक फैसला सुनाया है। अदालत ने मामले के मुख्य आरोपी और प्रत्युषा के तत्कालीन बॉयफ्रेंड राहुल राज सिंह को आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोपों से पूरी तरह बरी कर दिया है।

न्यायमूर्ति शिवकुमार डिगे की एकल पीठ ने इस पूरे मामले की गहराई से सुनवाई करते हुए उस आखिरी टेलीफोनिक बातचीत को सबसे बड़ा आधार बनाया, जो अभिनेत्री द्वारा घातक कदम उठाने से ठीक पहले उनके और राहुल के बीच हुई थी। अदालत के इस फैसले के बाद से मनोरंजन जगत और कानूनी गलियारों में एक बार फिर से इस पुरानी घटना की चर्चा तेज हो गई है। प्रत्युषा के अचानक चले जाने से उनके चाहने वाले और परिवार वाले आज भी गहरे सदमे में हैं, और इस फैसले ने इस केस के कई अनछुए पहलुओं को सतह पर ला दिया है।

संबंधित खबरें

अमेरिकन आइडल का पूर्व प्रतियोगी कैलिब फ्लिन बना पत्नी का कातिल: अफेयर के चक्कर में रची खौफनाक साजिश, गर्लफ्रेंड को भेजे थे एक लाख मैसेज

अमेरिकन आइडल का पूर्व प्रतियोगी कैलिब फ्लिन बना पत्नी का कातिल: अफेयर के चक्कर में रची खौफनाक साजिश, गर्लफ्रेंड को भेजे थे एक लाख मैसेज

यामी गौतम की फिल्म 'नई नवेली' का मजेदार ट्रेलर रिलीज: क्या सच में डायन है परिवार की नई बहू?

यामी गौतम की फिल्म 'नई नवेली' का मजेदार ट्रेलर रिलीज: क्या सच में डायन है परिवार की नई बहू?

मलयालम सिनेमा का चमकता सितारा Kollam Sudhi सड़क हादसे में शिकार, नम आंखों से याद कर रहा केरल

मलयालम सिनेमा का चमकता सितारा Kollam Sudhi सड़क हादसे में शिकार, नम आंखों से याद कर रहा केरल

आसमान में खलबली: दुबई उड़ानों के बीच तकनीकी संकट और सुरक्षा पर मंडराते सवाल

आसमान में खलबली: दुबई उड़ानों के बीच तकनीकी संकट और सुरक्षा पर मंडराते सवाल

ऋतुराज गायकवाड़ के इर्द-गिर्द घूमती भारतीय क्रिकेट की धुरी: कप्तानी और टीम इंडिया में जगह पर बड़ा मंथन

ऋतुराज गायकवाड़ के इर्द-गिर्द घूमती भारतीय क्रिकेट की धुरी: कप्तानी और टीम इंडिया में जगह पर बड़ा मंथन

खेल के मैदान पर भारत का दबदबा: क्रिकेट में रोहित-गिल की रिकॉर्ड आंधी और एशियाई खेलों में पदकों की गूंज

खेल के मैदान पर भारत का दबदबा: क्रिकेट में रोहित-गिल की रिकॉर्ड आंधी और एशियाई खेलों में पदकों की गूंज

सावधान! डेंगू के बढ़ते मामलों ने बढ़ाई चिंता: सीजन में आंकड़ा पहुंचा 25, स्वास्थ्य विभाग ने तेज की फॉगिंग

सावधान! डेंगू के बढ़ते मामलों ने बढ़ाई चिंता: सीजन में आंकड़ा पहुंचा 25, स्वास्थ्य विभाग ने तेज की फॉगिंग

बदलते मौसम में डेंगू और मलेरिया का जानलेवा हमला: बुखार उतरने के बाद भी क्यों बना रहता है खतरा? जानें बचाव के उपाय

बदलते मौसम में डेंगू और मलेरिया का जानलेवा हमला: बुखार उतरने के बाद भी क्यों बना रहता है खतरा? जानें बचाव के उपाय

घटना की पृष्ठभूमि: जब गोरेगांव के फ्लैट में मिला था शव

यह दुखद घटना 1 अप्रैल 2016 की है, जब महज 24 वर्ष की आयु में प्रत्युषा बनर्जी मुंबई के गोरेगांव इलाके स्थित अपने किराए के फ्लैट में मृत पाई गई थीं। शुरुआती जांच में सामने आया था कि उन्होंने पंखे से फंदा लगाकर आत्महत्या की थी। उस दौरान अभिनेत्री अपने अभिनेता-निर्माता बॉयफ्रेंड राहुल राज सिंह के साथ लिव-इन रिलेशनशिप में रह रही थीं। घटना के तुरंत बाद राहुल ही वह व्यक्ति थे जो प्रत्युषा को लेकर अस्पताल पहुंचे थे, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया था। इस आकस्मिक निधन ने न केवल उनके परिवार को झकझोर दिया था, बल्कि पूरे देश के टेलीविजन दर्शकों को हिलाकर रख दिया था.

घटना के तुरंत बाद मृतका के माता-पिता ने राहुल राज सिंह के खिलाफ स्थानीय पुलिस थाने में औपचारिक शिकायत दर्ज कराई थी। परिवार का आरोप था कि राहुल उनकी बेटी को मानसिक, शारीरिक और आर्थिक तौर पर बुरी तरह प्रताड़ित कर रहे थे। इसी निरंतर उत्पीड़न और दबाव के कारण प्रत्युषा ने इतना बड़ा और चरम कदम उठाने के लिए विवश होना पड़ा। पुलिस ने परिवार की शिकायत के आधार पर राहुल के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने, मारपीट करने और आपराधिक रूप से धमकाने जैसी गंभीर धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज कर कानूनी शिकंजा कसा था।

अदालत में चली लंबी कानूनी जंग और दोनों पक्षों की दलीलें

जांच प्रक्रिया आगे बढ़ने के बाद साल 2018 में पुलिस ने इस मामले में चार्जशीट दाखिल की थी, जिसके बाद राहुल राज सिंह ने सेशंस कोर्ट में अर्जी दाखिल कर खुद को इस मामले से मुक्त करने (डिस्चार्ज) की मांग की थी। हालांकि, निचली अदालत यानी दिंडोशी सेशंस कोर्ट ने अगस्त 2023 में उनकी इस डिस्चार्ज याचिका को खारिज कर दिया था। ट्रायल कोर्ट का मानना था कि यह मामला मानव व्यवहार और मानसिक स्थिति के बेहद सूक्ष्म विश्लेषण से जुड़ा है, इसलिए इसे सरसरी तौर पर नहीं देखा जा सकता। इस आदेश के खिलाफ राहुल ने बॉम्बे हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया था।

हाईकोर्ट में सुनवाई के दौरान राहुल की तरफ से पैरवी कर रहे वरिष्ठ वकीलों ने कोर्ट को बताया कि मौत से ठीक पहले की गई बातचीत के ऑडियो और चैट से बिल्कुल स्पष्ट होता है कि राहुल उन्हें ऐसा भयानक कदम उठाने से लगातार रोक रहे थे। वकीलों के मुताबिक, बातचीत के दौरान राहुल ने प्रत्युषा को यह तक कहा था कि वे अपनी गाड़ी मोड़कर तुरंत उनके पास आ रहे हैं। इसके विपरीत, प्रत्युषा अपनी बातचीत में अपने परिजनों और अन्य परिस्थितियों को अपनी खराब मानसिक स्थिति के लिए जिम्मेदार ठहरा रही थीं। इसी साक्ष्य को आधार बनाकर अदालत ने राहुल को राहत दी।

"सुसाइड से पहले हुई आखिरी बातचीत से यह साफ जाहिर होता है कि राहुल राज सिंह मृतका को ऐसा कदम उठाने से रोकने का प्रयास कर रहे थे और वे उनसे मिलने के लिए रास्ते में थे। ऐसे में उन्हें आत्महत्या के लिए उकसाने का दोषी नहीं ठहराया जा सकता।" — बॉम्बे हाईकोर्ट, फैसला

टेलीविजन इंडस्ट्री में शोक और न्याय की लंबी राह

प्रत्युषा बनर्जी की मौत के बाद टीवी इंडस्ट्री के कई कलाकारों और उनके करीबी दोस्तों ने खुलकर आवाज उठाई थी और राहुल राज सिंह पर गंभीर आरोप लगाए थे। अभिनेत्री काम्या पंजाबी समेत कई अन्य हस्तियों ने इस मामले में कड़े संघर्ष का समर्थन किया था और न्याय की गुहार लगाई थी। प्रत्युषा के माता-पिता ने भी अपनी बेटी के लिए इंसाफ पाने हेतु लंबी कानूनी लड़ाई लड़ी। इस मामले में पुलिस जांच और निचली अदालत की कार्यवाहियां कई वर्षों तक चलीं, जिससे यह मामला सुर्खियों में बना रहा।

अब जबकि बॉम्बे हाईकोर्ट ने इस मामले में राहुल राज सिंह को बड़ी राहत देते हुए सभी आरोपों से बरी कर दिया है, तो यह कानूनी प्रक्रिया के एक महत्वपूर्ण पड़ाव को दर्शाता है। हालांकि, एक प्रतिभाशाली कलाकार की कम उम्र में इस तरह से दुनिया छोड़ जाने का गम आज भी उनके प्रशंसकों के दिलों में जिंदा है। यह प्रकरण इस बात की भी याद दिलाता है कि व्यक्तिगत और मानसिक जीवन के तनाव किस तरह से किसी व्यक्ति के जीवन पर भारी पड़ सकते हैं, और कानूनी मामलों में ठोस सबूतों की क्या अहमियत होती है।

द फ्रीलांस पत्रकारिता नीति (Editorial Commitment):हम निष्पक्ष, सटीक और तथ्यात्मक पत्रकारिता के लिए प्रतिबद्ध हैं। यह समाचार रिपोर्ट विभिन्न प्रमाणित समाचार एजेंसियों, आधिकारिक बयानों और स्थानीय संवाददाताओं से प्राप्त इनपुट के आधार पर तैयार की गई है।
✍️

नेशनल डेस्क, द फ्रीलांस

सत्यापित संपादकीय डेस्क

राजनीतिक, नीतिगत एवं राष्ट्रीय सरोकार रिपोर्टिंग टीम

द फ्रीलांस की राष्ट्रीय संपादकीय डेस्क देश की राजनीति, संसद, नीतिगत फैसलों, केंद्रीय योजनाओं और जनसरोकार से जुड़े बड़े मुद्दों पर 24/7 निष्पक्ष, तथ्यपरक और खोजी रिपोर्टिंग करती है। यह टीम दोहरे तथ्य-सत्यापन के कठोर सिद्धांतों का पालन करती है।

संबंधित खबरें (Related Articles)

अमेरिकन आइडल का पूर्व प्रतियोगी कैलिब फ्लिन बना पत्नी का कातिल: अफेयर के चक्कर में रची खौफनाक साजिश, गर्लफ्रेंड को भेजे थे एक लाख मैसेजNATIONAL

अमेरिकन आइडल का पूर्व प्रतियोगी कैलिब फ्लिन बना पत्नी का कातिल: अफेयर के चक्कर में रची खौफनाक साजिश, गर्लफ्रेंड को भेजे थे एक लाख मैसेज

30 सित॰29
यामी गौतम की फिल्म 'नई नवेली' का मजेदार ट्रेलर रिलीज: क्या सच में डायन है परिवार की नई बहू?NATIONAL

यामी गौतम की फिल्म 'नई नवेली' का मजेदार ट्रेलर रिलीज: क्या सच में डायन है परिवार की नई बहू?

30 सित॰51
मलयालम सिनेमा का चमकता सितारा Kollam Sudhi सड़क हादसे में शिकार, नम आंखों से याद कर रहा केरलNATIONAL

मलयालम सिनेमा का चमकता सितारा Kollam Sudhi सड़क हादसे में शिकार, नम आंखों से याद कर रहा केरल

30 सित॰26
आसमान में खलबली: दुबई उड़ानों के बीच तकनीकी संकट और सुरक्षा पर मंडराते सवालNATIONAL

आसमान में खलबली: दुबई उड़ानों के बीच तकनीकी संकट और सुरक्षा पर मंडराते सवाल

30 सित॰50
ऋतुराज गायकवाड़ के इर्द-गिर्द घूमती भारतीय क्रिकेट की धुरी: कप्तानी और टीम इंडिया में जगह पर बड़ा मंथनNATIONAL

ऋतुराज गायकवाड़ के इर्द-गिर्द घूमती भारतीय क्रिकेट की धुरी: कप्तानी और टीम इंडिया में जगह पर बड़ा मंथन

30 सित॰37
खेल के मैदान पर भारत का दबदबा: क्रिकेट में रोहित-गिल की रिकॉर्ड आंधी और एशियाई खेलों में पदकों की गूंजNATIONAL

खेल के मैदान पर भारत का दबदबा: क्रिकेट में रोहित-गिल की रिकॉर्ड आंधी और एशियाई खेलों में पदकों की गूंज

30 सित॰36
सावधान! डेंगू के बढ़ते मामलों ने बढ़ाई चिंता: सीजन में आंकड़ा पहुंचा 25, स्वास्थ्य विभाग ने तेज की फॉगिंगNATIONAL

सावधान! डेंगू के बढ़ते मामलों ने बढ़ाई चिंता: सीजन में आंकड़ा पहुंचा 25, स्वास्थ्य विभाग ने तेज की फॉगिंग

30 सित॰40
बदलते मौसम में डेंगू और मलेरिया का जानलेवा हमला: बुखार उतरने के बाद भी क्यों बना रहता है खतरा? जानें बचाव के उपायNATIONAL

बदलते मौसम में डेंगू और मलेरिया का जानलेवा हमला: बुखार उतरने के बाद भी क्यों बना रहता है खतरा? जानें बचाव के उपाय

30 सित॰39