छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले से एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है, जहां कुछ युवा सोशल मीडिया पर अपनी कथित 'डॉनगिरी' और दबंगई के वीडियो अपलोड कर इलाके में दहशत फैलाने की कोशिश कर रहे थे। लेकिन इन रीलबाजों की हेकड़ी कोरबा कोतवाली पुलिस ने चंद घंटों में ही निकाल दी। पुलिस ने सोशल मीडिया पर हथियारों के साथ और खुद को कुख्यात अपराधी बताकर वीडियो डालने वाले दो अलग-अलग युवकों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस की इस सख्त कार्रवाई से शहर के अन्य मनचलों और अपराधियों में हड़कंप मच गया है।
सोशल मीडिया पर खुद को बताता था 'डॉन', शराब के लिए मांगता था पैसे
पहला मामला कोरबा शहर की पुरानी बस्ती इलाके का है, जहां 22 वर्षीय गौतम तंवर नामक युवक सोशल मीडिया पर अपनी दबंगई के वीडियो लगातार शेयर कर रहा था। पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि गौतम खुद को कोरबा का सबसे बड़ा गुंडा और 'डॉन' मानता था। वह अपने दोस्तों और सोशल मीडिया के जरिए इलाके में खुद को 'भाई जी' कहलवाता था। इतना ही नहीं, वह आम नागरिकों और दुकानदारों से डरा-धमकाकर शराब पीने के लिए पैसे भी वसूला करता था। इन हरकतों को वह वीडियो के रूप में रिकॉर्ड कर इंस्टाग्राम और अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर डालता था, ताकि युवाओं के बीच उसका खौफ बना रहे।
जब इन हरकतों की शिकायत स्थानीय लोगों और पुलिस तक पहुंची, तो कोतवाली थाने की टीम ने तुरंत हरकत में आते हुए जाल बिछाया। पुलिस ने आरोपी गौतम तंवर को धर दबोचा। पुलिस ने इस रीलबाज को जनता के बीच उसकी हरकतों का अहसास कराने और कानून का खौफ पैदा करने के लिए एक अनूठा तरीका अपनाया। पुलिस ने आरोपी को बस स्टैंड और मुख्य बाजार क्षेत्र में पैदल परेड कराई, जिसका वीडियो भी सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है। पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक, गौतम पहले से ही एक आदतन अपराधी है और उसके खिलाफ कई मामले दर्ज हैं।
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धारदार चापड़ लहराकर लोगों को डराने वाला 'गब्बर' गिरफ्तार
दूसरा मामला कोरबा के ही फोकटपारा इलाके का है। यहां हर्ष वैष्णव उर्फ गब्बर नामक युवक ने आतंक मचा रखा था। पुलिस को मुखबिर से पुख्ता सूचना मिली थी कि हर्ष अपने हाथ में एक खतरनाक धारदार चापड़ (हथियार) लेकर खुलेआम घूम रहा है और आने-जाने वाले लोगों को डरा-धमका रहा है। राहगीरों के मन में भय पैदा करने के लिए वह अक्सर इस तरह के हथियारों के साथ अपनी तस्वीरें और वीडियो बनाने की फिराक में रहता था। सूचना मिलते ही कोतवाली थाना प्रभारी ने तुरंत अपनी टीम को मौके पर रवाना किया।
पुलिस ने फोकटपारा क्षेत्र की घेराबंदी कर आरोपी हर्ष वैष्णव को दबोच लिया। तलाशी लेने पर उसके पास से एक तेज धार वाला चापड़ बरामद किया गया। पुलिस ने तुरंत आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ के बाद उसे अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है। पुलिस अब उसके पुराने आपराधिक इतिहास और संपर्कों को खंगालने में जुटी है ताकि यह पता लगाया जा सके कि इस कृत्य में उसके साथ और कौन-कौन लोग शामिल थे।
त्योहारी सीजन को देख पुलिस का विशेष अभियान
वर्तमान समय में आगामी त्योहारों को देखते हुए कोरबा जिले में सुरक्षा व्यवस्था बेहद कड़ी कर दी गई है। जिला पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ तिवारी के सख्त निर्देश हैं कि शहर की शांति व्यवस्था को बिगाड़ने वाले किसी भी असामाजिक तत्व को बख्शा न जाए। इसी अभियान के तहत पुलिस शहर के चप्पे-चप्पे पर नजर रख रही है। विशेष तौर पर उन युवाओं पर पैनी नजर रखी जा रही है जो इंटरनेट मीडिया पर हथियारों के साथ फोटो डालते हैं या खुद को अपराधी के रूप में पेश करते हैं।
पुलिस अधिकारियों का साफ कहना है कि आज की युवा पीढ़ी लाइक और फॉलोअर्स के चक्कर में अपराध की दुनिया की तरफ कदम बढ़ा रही है, जो बेहद चिंताजनक है। वर्चुअल वर्ल्ड में खुद को हीरो दिखाने की यह सनक उन्हें सीधे जेल की सलाखों के पीछे पहुंचा रही है। पुलिस ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि कानून अपने हाथ में लेने वालों और सोशल मीडिया के जरिए शहर की फिजा खराब करने वालों के खिलाफ ऐसी ही सख्त कानूनी कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।
थाना प्रभारी की दो टूक: हुड़दंगियों पर होगी कड़ी कार्रवाई
इस पूरी कार्रवाई को लेकर कोरबा कोतवाली थाना प्रभारी प्रेमचंद साहू ने मीडिया से बातचीत में तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने साफ शब्दों में कहा है कि शहर में कानून-व्यवस्था से खिलवाड़ करने वाले किसी भी शख्स को बख्शा नहीं जाएगा।
"कोरबा शहर में किसी भी प्रकार का हुड़दंग, गुंडागर्दी या आम जनता में दहशत फैलाने की छूट किसी को नहीं दी जाएगी। जो लोग सोशल मीडिया पर हथियारों के साथ रील बनाकर खुद को डॉन साबित करने की कोशिश कर रहे हैं, पुलिस की रडार पर ऐसे सभी तत्व हैं। उनके खिलाफ लगातार सख्त से सख्त कानूनी कदम उठाए जा रहे हैं।" — प्रेमचंद साहू, थाना प्रभारी, कोतवाली कोरबा
थाना प्रभारी ने अभिभावकों से भी अपील की है कि वे अपने बच्चों की गतिविधियों पर कड़ी नजर रखें। अक्सर कम उम्र के लड़के सोशल मीडिया पर झूठी शान और शोहरत पाने के लिए ऐसे खतरनाक रास्तों को चुन लेते हैं, जिससे न केवल उनका भविष्य बर्बाद होता है, बल्कि उनके पूरे परिवार को समाज में शर्मिंदगी उठानी पड़ती है। पुलिस की इस कार्रवाई की पूरे जिले में सराहना हो रही है और आम नागरिकों ने राहत की सांस ली है।






