आंध्र प्रदेश का ऐतिहासिक शहर और जिला अनंतपुर इन दिनों कई अलग-अलग वजहों से राष्ट्रीय पटल पर चर्चा का केंद्र बना हुआ है। एक तरफ जहां स्थानीय प्रशासनिक मशीनरी देश के सर्वोच्च पद यानी राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के आगामी दौरे की तैयारियों में पूरी ताकत से जुटी है, वहीं दूसरी ओर सामाजिक सुरक्षा और पर्यावरण से जुड़े मुद्दे भी लगातार सामने आ रहे हैं। द फ्रीलान्स की टीम ने जब इस इलाके की जमीनी पड़ताल की तो पता चला कि यहां राजनीति और प्रशासनिक गतिविधियों के साथ-साथ आम जनता से जुड़े कई बड़े बदलाव भी हो रहे हैं। जिला प्रशासन हर मोर्चे पर स्थिति को बेहतर बनाने का प्रयास कर रहा है ताकि राष्ट्रीय स्तर पर शहर की छवि और कार्यप्रणाली दोनों मजबूत दिख सकें।
पर्यावरण और प्रदूषण के मोर्चे पर बात करें तो ग्लोबल एयर मॉनिटरिंग प्लेटफॉर्म आईक्यू एयर की रिपोर्ट में अनंतपुर की वायु गुणवत्ता सूचकांक यानी एक्यूआई पर भी लोगों की नजरें टिकी हुई हैं। देश के बड़े महानगरों की तुलना में भले ही यहां हालात थोड़े बेहतर हैं, लेकिन स्थानीय पर्यावरणविदों का मानना है कि बढ़ते शहरीकरण के बीच हवा की शुद्धता बनाए रखना एक बड़ी चुनौती बनता जा रहा है। इसके साथ ही ऑटोमोबाइल बाजार में भी इस इलाके का खास रुतबा है। त्योहारों और नए सीजन के नजदीक आते ही टाटा पंच जैसी लोकप्रिय गाड़ियों की ऑन-रोड कीमतों और बुकिंग को लेकर शोरूम्स में ग्राहकों की भारी भीड़ देखने को मिल रही है, जो यहां के मध्यम वर्ग की बढ़ती क्रय शक्ति को साफ तौर पर दर्शाता है।
राष्ट्रपति के आगमन को लेकर सजा पूरा शहर
आगामी एक जुलाई को देश की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के अनंतपुर दौरे को लेकर जिला प्रशासन ने सुरक्षा और मेहमानवाजी के अभूतपूर्व इंतजाम किए हैं। शहर के प्रमुख मार्गों से लेकर सरकारी भवनों तक को संवारने का काम तेजी से पूरा किया जा रहा है। पुलिस और खुफिया एजेंसियों ने सुरक्षा का कड़ा पहरा बैठा दिया है ताकि महामहिम के दौरे में किसी भी तरह की प्रशासनिक चूक न हो सके। स्थानीय अधिकारियों ने कई दौर की उच्चस्तरीय बैठकें करके ट्रैफिक डायवर्जन और जनसभा स्थलों की रूपरेखा तैयार कर ली है। आम जनता और स्थानीय जनप्रतिनिधियों में भी राष्ट्रपति के इस दौरे को लेकर खासा उत्साह देखा जा रहा है और लोग इस ऐतिहासिक पल के गवाह बनने के लिए पूरी तरह तैयार बैठे हैं।
दूसरी ओर, मनोरंजन और सेलिब्रिटी क्रेज के मामले में भी अनंतपुर पीछे नहीं है। हाल ही में तेलुगु सिनेमा के लोकप्रिय अभिनेता विजय देवरैकंड के चाहने वाले यानी फैंस ने अपने चहेते स्टार की एक झलक पाने के लिए मीलों का सफर तय किया। सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो और स्थानीय सिनेमा प्रेमियों का यह जोश साबित करता है कि दक्षिण भारत में सिनेमा और कलाकारों के प्रति लोगों की दीवानगी किस हद तक गहरी है। फैंस ने दूर-दराज के गांवों से आकर अपने 'अन्ना' के प्रति जो प्यार दिखाया, उसने स्थानीय बाजारों और परिवहन व्यवस्था में भी एक अलग हलचल पैदा कर दी। ऐसे आयोजनों से स्थानीय स्तर पर छोटे कारोबारियों को भी अच्छी-खासी कमाई का मौका मिल जाता है।
अनंतपुर पुलिस की 'चेतना' पहल से बदली जिंदगी
इन तमाम राजनीतिक और सांस्कृतिक हलचलों के बीच अनंतपुर पुलिस ने समाज के सबसे उपेक्षित वर्ग के लिए एक बेहद सराहनीय कदम उठाया है। जिला पुलिस विभाग ने ट्रांसजेंडर्स समुदाय के कल्याण और सुरक्षा के लिए 'चेतना' नाम से एक विशेष पहल की शुरुआत की है। इस योजना का मुख्य उद्देश्य थर्ड जेंडर के लोगों को मुख्यधारा से जोड़ना, उन्हें रोजगार के अवसर दिलाना और पुलिस उत्पीड़न या सामाजिक भेदभाव से बचाना है। स्थानीय पुलिस अधिकारियों का कहना है कि अब इस समुदाय के लोग किसी भी समस्या या उत्पीड़न की शिकायत सीधे बिना डरे पुलिस अधिकारियों से कर सकेंगे। इस पहल के बाद से पूरे राज्य में अनंतपुर पुलिस के इस मानवीय चेहरे की जमकर तारीफ हो रही है।
जमीनी स्तर पर काम कर रहे सामाजिक कार्यकर्ताओं का मानना है कि 'चेतना' जैसी योजनाएं अगर ईमानदारी से लागू हों, तो समाज की पुरानी सोच बदलने में देर नहीं लगेगी। ट्रांसजेंडर्स समुदाय के प्रतिनिधियों ने भी पुलिस प्रशासन के इस कदम का स्वागत किया है और इसे अपने अधिकारों की लड़ाई में एक मील का पत्थर बताया है। कुल मिलाकर देखा जाए तो अनंतपुर में राष्ट्रपति के स्वागत की भव्य तैयारियों से लेकर वंचितों के लिए उठाई गई प्रशासनिक आवाज़ तक, यह जिला इस समय दक्षिण भारत की सबसे सकारात्मक और जीवंत खबरों का केंद्र बना हुआ है। द फ्रीलान्स इस पूरे घटनाक्रम पर लगातार अपनी पैनी नजर बनाए रखेगा।
बदलते दौर में बुनियादी सुविधाओं और विकास की रफ्तार
अनंतपुर के शहरी और ग्रामीण इलाकों में विकास की रफ्तार को परखने पर यह बात सामने आती है कि प्रशासन शिक्षा, स्वास्थ्य और सड़क जैसे बुनियादी मुद्दों पर भी समान रूप से ध्यान दे रहा है। हालांकि, तेजी से बढ़ती आबादी के कारण कचरा प्रबंधन और शुद्ध पेयजल जैसी समस्याएं भी छोटे शहरों के सामने मुंह बाए खड़ी हैं। स्थानीय लोग उम्मीद कर रहे हैं कि बड़े नेताओं और गणमान्य हस्तियों के दौरों से शहर के विकास को और अधिक गति मिलेगी। जिला प्रशासन ने भी आश्वासन दिया है कि आने वाले दिनों में नागरिकों को और बेहतर नागरिक सुविधाएं मुहैया कराई जाएंगी, जिससे अनंतपुर को राज्य के सबसे विकसित जिलों की श्रेणी में खड़ा किया जा सके।






