नई दिल्ली/ग्राउंड ब्यूरो — देश के दूरसंचार बाजार में भारती एयरटेल को लेकर अचानक से लोगों की उत्सुकता काफी बढ़ गई है। गूगल सर्च के आंकड़ों के मुताबिक पिछले कुछ घंटों में भारत के कई शहरों से एयरटेल नेटवर्क और इंटरनेट स्पीड से जुड़े मामलों पर जमकर सर्च किया गया है। मोबाइल फोन का इस्तेमाल करने वाले आम ग्राहक यह जानना चाह रहे हैं कि उनके इलाके में इंटरनेट की रफ्तार कैसी चल रही है। द फ्रीलान्स की टीम ने इस मामले पर जमीनी स्तर पर पड़ताल शुरू की है ताकि यह साफ हो सके कि आखिर यूजर्स किन बातों को लेकर ज्यादा परेशान हैं या क्या नया अपडेट तलाश रहे हैं।
देश के अलग-अलग हिस्सों से मिल रही शुरुआती जानकारियों के मुताबिक मोबाइल इंटरनेट की गति और कॉल ड्राॅप जैसी छोटी-मोटी दिक्कतों को लेकर लोग सर्च इंजन का सहारा ले रहे हैं। कई यूजर अपने फोन में नेटवर्क सिग्नल चले जाने या डेटा धीमा होने की शिकायतें ऑनलाइन दर्ज करा रहे हैं। हालांकि कंपनी की तरफ से अभी तक किसी बड़े तकनीकी फेलियर या बड़े सर्वर डाउन होने की कोई आधिकारिक बात सामने नहीं आई है। हमारे रिपोर्टर ने जब कुछ स्थानीय दुकानदारों और मोबाइल यूजर्स से बात की तो उन्होंने बताया कि कुछ समय के लिए इंटरनेट की रफ्तार धीमी जरूर हुई थी लेकिन बाद में वह ठीक हो गई।
मोबाइल नेटवर्क की रफ्तार को लेकर क्यों बढ़ी चर्चा?
आज के समय में हर व्यक्ति का काम मोबाइल इंटरनेट पर ही निर्भर हो गया है। चाहे पढ़ाई करनी हो, पैसे का लेन-देन करना हो या फिर ऑफिस का कोई जरूरी काम निपटाना हो, सबको तेज इंटरनेट चाहिए होता है। जब भी किसी बड़े टेलीकॉम नेटवर्क में जरा सी भी रुकावट आती है, तो लोग तुरंत सोशल मीडिया और गूगल पर यह देखने लगते हैं कि क्या बाकी लोगों के साथ भी यही समस्या आ रही है। एयरटेल के मामले में भी पिछले कुछ घंटों में ऐसा ही रुझान देखने को मिला है जहां लोग लगातार यह खोज रहे हैं कि उनके शहर में नेटवर्क की क्या स्थिति है।
बाजार के जानकारों का कहना है कि देश में मोबाइल डेटा का इस्तेमाल बहुत तेजी से बढ़ रहा है। हर दिन करोड़ों लोग वीडियो देखने और गेम खेलने के लिए अपने फोन का इस्तेमाल करते हैं। ऐसे में जब इंटरनेट की गति में थोड़ा भी उतार-चढ़ाव होता है, तो उसका असर तुरंत गूगल ट्रेंड्स पर दिखाई देने लगता है। एयरटेल के मामले में भी यही हुआ है जहाँ लोगों ने अपने क्षेत्र में नेटवर्क की कवरेज और टावर की स्थिति को जांचने के लिए ऑनलाइन सर्च किया है। कंपनी अपने नेटवर्क को बेहतर बनाने के लिए लगातार नए टावर लगा रही है और 5जी सेवाओं का विस्तार कर रही है ताकि ग्राहकों को किसी भी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।
रीचार्ज प्लान और दूसरी कंपनियों से मुकाबला
नेटवर्क और इंटरनेट स्पीड के अलावा लोग एयरटेल के नए रीचार्ज प्लान के बारे में भी काफी कुछ खोज रहे हैं। पिछले कुछ महीनों में सभी बड़ी टेलीकॉम कंपनियों ने अपने प्लान्स की कीमतों में बदलाव किया है। इसके बाद से ग्राहक यह हिसाब लगा रहे हैं कि किस कंपनी का प्लान उनके बजट में सबसे ज्यादा फिट बैठता है। एयरटेल के ग्राहक भी अपने पुराने प्लान की वैधता खत्म होने से पहले नए और सस्ते विकल्पों की तलाश में जुटे हैं। यही वजह है कि इंटरनेट पर प्लान की सूची और मिलने वाले फायदों को लेकर सर्च करने वालों की संख्या अचानक बढ़ गई है।
बाजार में इस समय जियो और वोडाफोन आइडिया जैसी कंपनियां भी कड़ी टक्कर दे रही हैं। हर कंपनी की कोशिश यही रहती है कि वह अपने ग्राहकों को सबसे अच्छी सेवा दे सके ताकि वे दूसरी कंपनी में न जाएं। एयरटेल ने भी अपने ग्राहकों को जोड़े रखने के लिए कई तरह के खास ऑफर और ओटीटी बेनेफिट वाले प्लान बाजार में उतार रखे हैं। लोग यह देखना चाहते हैं कि उनके मौजूदा प्लान में उन्हें कितना डेटा मिल रहा है और क्या बाजार में इससे बेहतर कोई दूसरा विकल्प उपलब्ध है या नहीं।
रीचार्ज कराने से पहले इन जरूरी बातों का रखें ध्यान
अगर आप भी भारती एयरटेल का सिम इस्तेमाल करते हैं और अपना अगला रीचार्ज कराने की सोच रहे हैं, तो आपको कुछ बातों का खास ख्याल रखना चाहिए। सबसे पहले अपने फोन में माय एयरटेल ऐप खोलकर अपने डेटा इस्तेमाल करने के तरीके को जांच लें। कई बार हम ऐसा महंगा प्लान ले लेते हैं जिसकी हमें जरूरत ही नहीं होती है। अपनी जरूरत के हिसाब से ही डेटा और वॉयस कॉल वाला सही प्लान चुनें ताकि आपके पैसे बच सकें।
द फ्रीलान्स की इस ग्राउंड रिपोर्ट से यह साफ होता है कि लोग अपनी रोजमर्रा की डिजिटल जरूरतों को लेकर बहुत सतर्क हो गए हैं। नेटवर्क में जरा सी भी गड़बड़ी होने पर वे तुरंत जानकारी जुटाना चाहते हैं। एयरटेल जैसी बड़ी कंपनी के लिए यह जरूरी है कि वह अपने ग्राहकों की इन छोटी-छोटी शिकायतों पर ध्यान दे और उन्हें बिना किसी रुकावट के बेहतरीन सेवा देती रहे। हम आगे भी इस पर नजर बनाए रखेंगे और जैसे ही कोई नया अपडेट आएगा, आपको सबसे पहले बताएंगे।





