नई दिल्ली/ग्राउंड ब्यूरो — देश के संगीत प्रेमियों और खास तौर पर कोरियाई पॉप संस्कृति यानी के-पॉप के दीवानों के लिए एक बहुत ही रोमांचक खबर सामने आई है। दक्षिण कोरिया की जानी-मानी मनोरंजन और संगीत कंपनी हाइब् ने अपने सबसे बड़े और लोकप्रिय संगीत उत्सव 'वीवर्स कॉन फेस्टिवल' को भारत लाने का औपचारिक ऐलान कर दिया है। यह पहली बार होगा जब दुनिया का यह मशहूर के-पॉप मेला अपने भव्य रूप में भारत की जमीन पर उतरेगा। पिछले कुछ सालों में भारत के युवाओं के बीच कोरियाई संगीत और वेब सीरीज का क्रेज बहुत तेजी से बढ़ा है, जिसे देखते हुए इस बड़े फैसले को बेहद अहम माना जा रहा है।
म्यूजिक एलाय और बिलबोर्ड की रिपोर्ट्स के मुताबिक, हाइब् कंपनी अपनी वैश्विक पहुंच को और ज्यादा मजबूत करने के लिए लगातार काम कर रही है। इसी रणनीति के तहत कंपनी ने साल 2027 में भारत को अपने इस प्रमुख उत्सव के पहले अंतरराष्ट्रीय आयोजन स्थल के रूप में चुना है। हालांकि अभी तक इस कार्यक्रम की सटीक तारीख और शहर का आधिकारिक ऐलान नहीं किया गया है, लेकिन के-पॉप फैंस ने अभी से ही सोशल मीडिया पर अपनी तैयारियां शुरू कर दी हैं। देश के महानगरों के युवाओं के बीच इस बात की चर्चा तेज हो गई है कि कौन-कौन से बड़े वैश्विक सितारे इस मंच पर अपनी कला का प्रदर्शन करने के लिए भारत आएंगे।
भारत में क्यों बढ़ रहा है के-पॉप का इतना बड़ा क्रेज?
पिछले कुछ वर्षों में भारत में इंटरनेट और स्मार्टफोन का इस्तेमाल बहुत तेजी से बढ़ा है, जिससे वैश्विक मनोरंजन तक युवाओं की पहुंच बेहद आसान हो गई है। बीटीएस और ब्लैकपिंक जैसे कोरियाई संगीत समूहों ने भारतीय युवाओं के दिलों में एक खास जगह बना ली है। छोटे शहरों से लेकर बड़े महानगरों तक के युवा कोरियाई गानों की धुन पर थिरकते नजर आते हैं। यही वजह है कि अंतरराष्ट्रीय स्तर की बड़ी कंपनियां अब भारत को एक बहुत बड़ा बाजार और संगीतप्रेमियों का प्रमुख केंद्र मान रही हैं। वीवर्स कॉन का भारत आना इसी बढ़ते हुए सांस्कृतिक जुड़ाव का सीधा परिणाम है, जिससे आने वाले दिनों में देश के लाइव कॉन्सर्ट बाजार को एक नया आयाम मिलेगा।
म्यूजिक इंडस्ट्री के जानकारों का मानना है कि इस तरह के बड़े आयोजनों से देश की अर्थव्यवस्था को भी काफी फायदा पहुंचेगा। जब दुनिया भर के जाने-माने कलाकार भारत आएंगे, तो पर्यटन, होटल उद्योग और स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। फैंस इस बात को लेकर भी काफी उत्सुक हैं कि इस फेस्टिवल के लिए टिकटों की बुकिंग कब से शुरू होगी और उनकी कीमतें क्या रहेंगी। चूंकि यह अपनी तरह का पहला अंतरराष्ट्रीय आयोजन होगा, इसलिए टिकटों की भारी मांग रहने की पूरी उम्मीद जताई जा रही है। सुरक्षा और प्रबंधन के मोर्चे पर भी स्थानीय प्रशासन के साथ मिलकर बड़ी तैयारियां किए जाने की संभावना है।
टिकटों की बुकिंग और आगामी तैयारियों पर टिकी हैं निगाहें
जैसे-जैसे साल 2027 का यह समय नजदीक आएगा, वैसे-वैसे इस मेगा इवेंट से जुड़े कई और नए खुलासे होने की उम्मीद है। आयोजकों की तरफ से आने वाले महीनों में टिकट विंडो, पास के प्रकार और वेन्यू की आधिकारिक घोषणा की जाएगी। तब तक देश भर के के-पॉप फैंस अपने चहेते सितारों की एक झलक पाने और लाइव कॉन्सर्ट का हिस्सा बनने के लिए पूरी तरह तैयार बैठे हैं। द फ्रीलान्स की टीम इस ऐतिहासिक आयोजन से जुड़ी हर छोटी-बड़ी खबर और अपडेट आप तक लगातार पहुंचाती रहेगी, ताकि टिकट बुकिंग से लेकर वेन्यू तक की सही जानकारी आपको समय पर मिल सके।





