गाजियाबाद में कानून का कड़ा पहरा: नाबालिग से दुष्कर्म के दो आरोपी मुठभेड़ में ढेर
उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद जिले में कानून व्यवस्था को चुनौती देने वाले अपराधियों के खिलाफ पुलिस ने एक बार फिर सख्त रुख अपनाया है। विजयनगर थाना क्षेत्र के अंतर्गत पुलिस और बदमाशों के बीच हुई एक तीखी मुठभेड़ में नाबालिग से दुष्कर्म के दो मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। इस सनसनीखेज वारदात के बाद से इलाके में हड़कंप मचा हुआ है और पुलिस प्रशासन ने त्वरित कार्रवाई करते हुए न्याय की दिशा में बड़ा कदम उठाया है।
घटना की जानकारी देते हुए वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने बताया कि पुलिस टीम अपराध और अपराधियों की धरपकड़ के लिए नियमित गश्त पर थी। इसी दौरान मुखबिर से मिली सूचना और संदिग्ध गतिविधियों के आधार पर आरोपियों की घेराबंदी की गई। पुलिस की इस मुस्तैदी से अपराधियों के मंसूबों पर पानी फेर दिया गया और उन्हें कानून के शिकंजे में कस लिया गया।
जल निगम प्लांट के पास संदिग्धों की घेराबंदी और पुलिस की कार्रवाई
शनिवार देर रात विजयनगर पुलिस क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था को पुख्ता करने के लिए वाहन चेकिंग अभियान चला रही थी। इसी क्रम में पुलिस दल की नजर जल निगम प्लांट के पास से गुजर रही एक संदिग्ध मोटरसाइकिल पर पड़ी जिस पर दो लोग सवार थे। पुलिस ने जब उन्हें रुकने का इशारा किया, तो वे घबरा गए और अपनी बाइक की रफ्तार बढ़ाकर भागने की कोशिश करने लगे।
पुलिस के अनुसार, भागने की जल्दबाजी में दोनों आरोपियों की मोटरसाइकिल का संतुलन बिगड़ गया और वे सड़क पर गिर पड़े। इसके बावजूद उन्होंने कानून के शिकंजे से बचने के लिए तुरंत हथियार निकाल लिए और पुलिस पार्टी पर ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी। अपनी जान की रक्षा करते हुए पुलिस बल ने भी आत्मरक्षार्थ जवाबी कार्रवाई की।
पुलिस की जवाबी फायरिंग में घायल हुए आरोपी मुस्तकीम और प्रदीप
पुलिस की ओर से की गई जवाबी कार्रवाई में दोनों आरोपियों के पैरों में गोलियां लगीं, जिसके बाद वे मौके पर ही गिर पड़े और भागने में असफल रहे। पुलिस ने तुरंत मुस्तैदी दिखाते हुए दोनों को दबोच लिया। पकड़े गए आरोपियों की पहचान चमन कॉलोनी निवासी मुस्तकीम और सिद्धार्थ विहार निवासी प्रदीप के रूप में हुई है।
पूछताछ में यह बात सामने आई कि इन दोनों ने कुछ समय पहले ही एक नाबालिग लड़की को अपने जाल में फंसाया था और उसके साथ जघन्य अपराध को अंजाम दिया था। घटना के बाद से ही पुलिस लगातार इनकी तलाश में जुटी थी और शनिवार रात ही इस मामले में औपचारिक मुकदमा भी दर्ज किया गया था। घायल अवस्था में दोनों आरोपियों को तुरंत नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज चल रहा है।
पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने के लिए पुलिस प्रशासन पूरी तरह प्रतिबद्ध
इस गंभीर मामले पर एसीपी उपासना पांडेय ने प्रेस को जानकारी देते हुए बताया कि पुलिस ने त्वरित और निष्पक्ष कार्रवाई करते हुए कुछ ही घंटों के भीतर आरोपियों की पहचान कर उन्हें दबोच लिया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि महिलाओं और बालकों के खिलाफ अपराध करने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा और ऐसे तत्वों के खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी।
"गाजियाबाद पुलिस बाल अपराधों के प्रति बेहद संवेदनशील है। विजयनगर थाना क्षेत्र में नाबालिग से दुष्कर्म के मामले में नामजद दोनों आरोपियों को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया गया है। मामले में सभी आवश्यक साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं ताकि अदालत में मजबूत पैरवी कर कड़ी सजा दिलाई जा सके।" — एसीपी उपासना पांडेय, गाजियाबाद पुलिस
स्थानीय नागरिकों और विभिन्न सामाजिक संगठनों ने पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई की सराहना की है। हालांकि, इस तरह की घटनाओं का समाज पर पड़ रहा प्रभाव चिंता का विषय बना हुआ है। पुलिस अब इस मामले से जुड़े अन्य पहलुओं और सबूतों को जुटाने में लगी है ताकि आरोप पत्र दाखिल करते समय कोई भी कानूनी पेंच न छूटे और पीड़िता को समयबद्ध तरीके से न्याय मिल सके।












