नई दिल्ली/ग्राउंड ब्यूरो — पश्चिम एशिया के बेहद अहम और संवेदनशील जलमार्ग होर्मुज स्ट्रेट से एक बड़ी और चौंकाने वाली खबर सामने आ रही है। यहां अंतरराष्ट्रीय व्यापार में लगे एक मालवाहक जहाज के साथ बड़ा हादसा हो गया है। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, यह जहाज पानी के नीचे छिपी एक समुद्री माइन यानी नेवल माइन से टकरा गया। टक्कर इतनी जोरदार थी कि जहाज में बड़ा छेद हो गया और कुछ ही घंटों में वह समंदर की गहराइयों में समा गया। इस घटना के बाद से ग्लोबल शिपिंग और समुद्री सुरक्षा को लेकर हड़कंप मच गया है।
इस डूबे हुए जहाज पर केवल सामान्य सामान ही नहीं था, बल्कि दुनिया भर में मशहूर और महंगे उत्पाद लदे हुए थे। मीडिया रिपोर्ट्स और शुरुआती प्रशासनिक आकलन के अनुसार, इस पोत पर बड़ी संख्या में नए आईफोन और महंगे विदेशी परफ्यूम के कंसाइनमेंट मौजूद थे। समंदर का पानी भरने और जहाज के डूबने के कारण यह सारा माल पूरी तरह से नष्ट हो चुका है। कंपनियों और बीमा एजेंसियों को इस हादसे में करोड़ों रुपये के नुकसान का अनुमान है, जिसकी भरपाई में लंबा समय लग सकता है।
होर्मुज स्ट्रेट में क्यों बढ़ा समुद्री तनाव?
होर्मुज स्ट्रेट दुनिया के सबसे व्यस्त और महत्वपूर्ण तेल और माल ढुलाई वाले रास्तों में से एक है। फारस की खाड़ी और ओमान की खाड़ी को जोड़ने वाला यह पतला जलमार्ग अंतरराष्ट्रीय व्यापार के लिए रीढ़ की हड्डी माना जाता है। पिछले कुछ महीनों से इस पूरे क्षेत्र में भू-राजनीतिक तनाव लगातार बढ़ता जा रहा है। सुरक्षा एजेंसियों का मानना है कि इस इलाके में पानी के भीतर सैन्य और रणनीतिक कारणों से समुद्री माइंस बिछाई गई हैं, जो अब आम व्यापारिक जहाजों के लिए भी जानलेवा साबित हो रही हैं।
इस हादसे के बाद से अंतरराष्ट्रीय समुद्री सुरक्षा संगठनों ने इस रूट पर चलने वाले सभी कमर्शियल जहाजों के लिए चेतावनी जारी कर दी है। कप्तानों को सलाह दी गई है कि वे अपनी गति धीमी रखें और नेविगेशन सिस्टम को पूरी तरह सक्रिय रखें ताकि किसी भी संभावित खतरे से समय रहते बचा जा सके। हालांकि, इस घटना ने वैश्विक सप्लाई चेन की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। दुनिया भर की लॉजिस्टिक्स कंपनियां अब इस रूट पर अपने जहाजों की आवाजाही को लेकर नए सिरे से विचार कर रही हैं।
व्यापारिक और बीमा जगत पर पड़ेगा सीधा असर
इस बड़े हादसे के कारण वैश्विक बीमा बाजार में भी हलचल तेज हो गई है। ऐसे खतरनाक इलाकों से गुजरने वाले जहाजों और माल का भारी-भरकम बीमा किया जाता है। आईफोन और लग्जरी परफ्यूम जैसे हाई-एंड प्रोडक्ट्स के नष्ट होने से बीमा कंपनियों को भारी भरकम दावों का भुगतान करना होगा। इसके अलावा, आने वाले दिनों में इस रूट से गुजरने वाले जहाजों का बीमा प्रीमियम भी काफी बढ़ सकता है, जिसका सीधा असर सामानों की कीमतों पर पड़ेगा।
द फ्रीलान्स की टीम इस पूरे घटनाक्रम पर लगातार नजर बनाए हुए है। अंतरराष्ट्रीय समुद्री बोर्ड और स्थानीय नौसेना के अधिकारियों से इस मामले में विस्तृत रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है। आने वाले दिनों में यह देखना अहम होगा कि क्या इस जलमार्ग पर जहाजों की सुरक्षा के लिए कोई संयुक्त अंतरराष्ट्रीय गश्त शुरू की जाती है या नहीं। फिलहाल, इस दुर्घटना ने वैश्विक व्यापार जगत को यह सोचने पर मजबूर कर दिया है कि युद्ध और कूटनीतिक तनावों के बीच आम नागरिकों का व्यापार कैसे सुरक्षित रखा जाए।






