विज्ञापन • ADVERTISEMENT
होम/टेक & ऑटो/जियो बनाम स्टारलिंक: भारत में सैटेलाइट इंटरनेट की जंग तेज, मुकेश अंबानी और एलन मस्क आमने-सामने
टेक & ऑटोपढ़ने में समय: 5 मिनट

जियो बनाम स्टारलिंक: भारत में सैटेलाइट इंटरनेट की जंग तेज, मुकेश अंबानी और एलन मस्क आमने-सामने

भारत में सैटेलाइट आधारित हाई-स्पीड इंटरनेट सेवाओं को शुरू करने की तैयारी जोरों पर है। रिलायंस जियो और एलन मस्क की कंपनी स्टारलिंक के बीच बाजार में वर्चस्व को लेकर जुबानी जंग छिड़ गई है, जबकि दोनों कंपनियों को अभी जरूरी मंजूरियों का इंतजार है।
✍️
टेक एवं ऑटोमोबाइल डेस्क, द फ्रीलांस
तकनीक व ऑटोमोबाइल डेस्क•17 अक्टूबर 2026 • अपडेटेड•45
🌐Read in English →
शेयर करें:
जियो बनाम स्टारलिंक: भारत में सैटेलाइट इंटरनेट की जंग तेज, मुकेश अंबानी और एलन मस्क आमने-सामने
📷 जियो बनाम स्टारलिंक: भारत में सैटेलाइट इंटरनेट की जंग तेज, मुकेश अंबानी और एलन मस्क आमने-सामने — मुख्य घटनाक्रमफोटो साभार: रॉयटर्स / एजेंसीज़ / सोशल मीडिया

खबर की बड़ी बातें (Key Highlights)

  • सरकार ने जियो, स्टारलिंक और यूटेलसैट वनवेब को सैटेलाइट इंटरनेट सेवाओं के लिए लाइसेंस जारी कर दिए हैं।
  • एलन मस्क ने भारत में लॉन्चिंग में देरी के लिए रिलायंस पर आरोप लगाए थे, जिस पर कंपनी ने कड़ा जवाब दिया है।
  • रिलायंस ने स्पष्ट किया है कि वह किसी भी प्रतिस्पर्धा से डरती नहीं है और नियमों के तहत निष्पक्ष मुकाबला चाहती है।

भारत में सैटेलाइट इंटरनेट का नया दौर और तैयारी

देशभर में इंटरनेट इस्तेमाल करने का तरीका पूरी तरह बदलने वाला है। अब आम लोगों को घर बैठे सुपरफास्ट इंटरनेट देने के लिए सैटेलाइट तकनीक का इस्तेमाल किया जाएगा। इसके लिए देश के दूरसंचार बाजार में बड़ी कंपनियां उतरने की तैयारी कर रही हैं। पारंपरिक फाइबर केबल और मोबाइल टावरों के जाल से हटकर अब आसमान में चक्कर लगा रहे उपग्रहों के जरिए सीधे घरों तक डेटा पहुंचाया जाएगा। इस नई दौड़ में एलन मस्क की स्टारलिंक और मुकेश अंबानी की रिलायंस जियो सबसे आगे नजर आ रही हैं। हालांकि, इन सेवाओं को पूरी तरह चालू होने से पहले कई तरह की प्रशासनिक मंजूरियों और स्पेक्ट्रम आवंटन की प्रक्रिया से गुजरना होगा।

विशेषज्ञों का मानना है कि सैटेलाइट इंटरनेट उन दूरदराज के इलाकों के लिए वरदान साबित होगा जहां आज भी फाइबर लाइन बिछाना या मोबाइल टॉवर लगाना असंभव या बेहद खर्चीला काम है। प्राकृतिक आपदाओं जैसे आंधी, तूफान या बाढ़ के समय जब जमीन पर लगे टावर और केबल टूट जाते हैं, तब भी सैटेलाइट कनेक्शन बिना किसी रुकावट के काम करता रहता है। यही वजह है कि देश के तकनीकी ढांचे में इस नई तकनीक को गेम-चेंजर माना जा रहा है।

विज्ञापन • ADVERTISEMENT

एलन मस्क और रिलायंस के बीच छिड़ी जुबानी जंग

इस बीच, भारत में स्टारलिंक की एंट्री को लेकर दोनों बड़ी कंपनियों के बीच बयानबाजी तेज हो गई है। हाल ही में स्पेसएक्स के प्रमुख एलन मस्क ने सोशल मीडिया पर भारत में अपनी कंपनी की लॉन्चिंग में हो रही देरी को लेकर सवाल खड़े किए थे। मस्क का आरोप था कि भारतीय बाजार में उनकी राह रोकने की कोशिश की जा रही है और इसके पीछे स्थानीय कारोबारियों का हाथ है। उन्होंने सोशल मीडिया पर तंज कसते हुए प्रतिस्पर्धा को लेकर कई तीखी टिप्पणियां भी की थीं।

इन आरोपों का कड़ा जवाब देते हुए रिलायंस इंडस्ट्रीज ने स्थिति स्पष्ट की। कंपनी ने अपने आधिकारिक बयान में कहा कि वह किसी भी तरह की स्वस्थ प्रतिस्पर्धा से कभी नहीं घबराती है। रिलायंस ने साफ किया कि बाजार में असली मुकाबला वही है जो ग्राहकों को सबसे बेहतरीन और सुरक्षित सेवा दे सके। उद्योग जगत के जानकारों का कहना है कि भारत दुनिया के सबसे बड़े इंटरनेट बाजारों में से एक है, इसलिए यहां अपनी पकड़ मजबूत करने के लिए दोनों दिग्गजों के बीच यह खींचतान आने वाले दिनों में और बढ़ सकती है।

क्या कहती है सरकार और लाइसेंस की प्रक्रिया

विवाद के बीच केंद्र सरकार के संबंधित मंत्रालयों ने स्पष्ट किया है कि सैटेलाइट सेवाओं के आवंटन और लाइसेंसिंग में पूरी पारदर्शिता बरती जा रही है। सरकार पहले ही स्टारलिंक, रिलायंस जियो की सैटेलाइट इकाई और यूटेलसैट वनवेब जैसी कंपनियों को आधिकारिक तौर पर लाइसेंस जारी कर चुकी है। हालांकि, लाइसेंस मिलने मात्र से ही सेवाएं शुरू नहीं हो जाती हैं। कंपनियों को परिचालन शुरू करने से पहले देश की सुरक्षा एजेंसियों से क्लीयरेंस और स्पेक्ट्रम की विधिवत अनुमति लेनी होती है।

सुरक्षा मामलों के जानकारों का कहना है कि अंतरिक्ष से आने वाले डेटा और सिग्नलों की मॉनिटरिंग बेहद संवेदनशील मुद्दा है। भारत सरकार यह सुनिश्चित करना चाहती है कि देश का सारा इंटरनेट ट्रैफिक सुरक्षित तरीके से संभाला जाए और राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े मानकों का शत-प्रतिशत पालन हो। इसी प्रक्रिया के तहत सभी जरूरी तकनीकी जांच की जा रही है, जिसमें थोड़ा समय लगना स्वाभाविक है।

आम ग्राहकों को कितनी चुकानी होगी कीमत

सबसे बड़ा सवाल यह है कि आम जनता को यह सैटेलाइट इंटरनेट कितने में मिलेगा और क्या यह उनके बजट में फिट बैठेगा। शुरुआती रिपोर्ट्स और वैश्विक मॉडलों को देखें तो सैटेलाइट इंटरनेट की शुरुआती लागत पारंपरिक ब्रॉडबैंड या मोबाइल डेटा से थोड़ी ज्यादा हो सकती है। इसके लिए ग्राहकों को विशेष रिसीवर या डिश एंटीना अपने घर की छत पर लगाना होगा।

"हम भारत में ग्राहकों को सुरक्षित और हाई-स्पीड इंटरनेट देने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। हमने देश के भीतर ही जरूरी गेटवे और इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार कर लिया है, ताकि भारतीय ट्रैफिक की सुरक्षा से कोई समझौता न हो।" — स्टारलिंक आधिकारिक बयान

रिलायंस जियो की बात करें तो कंपनी अपनी आक्रामक मूल्य निर्धारण नीति के लिए जानी जाती है। ऐसे में माना जा रहा है कि जब जियो अपनी सैटेलाइट सर्विस बाजार में उतारेगी, तो वह बेहद किफायती दरों पर डेटा उपलब्ध करा सकती है। इससे ग्राहकों को लुभावने विकल्प मिलेंगे और डेटा क्रांति का एक नया अध्याय शुरू होगा।

भविष्य की राह और संभावित चुनौतियां

आगामी महीनों में यह देखना दिलचस्प होगा कि कौन सी कंपनी सबसे पहले व्यावसायिक रूप से अपनी सेवाएं शुरू कर पाती है। स्टारलिंक जहां अपने वैश्विक नेटवर्क और तकनीक का हवाला दे रही है, वहीं जियो के पास भारत के कोने-कोने तक पहले से मौजूद मजबूत ग्राहक आधार और स्थानीय अनुभव का फायदा है। इस कड़े मुकाबले का सीधा फायदा देश के उन उपभोक्ताओं को मिलने वाला है जिन्हें अब तक तेज इंटरनेट के लिए संघर्ष करना पड़ता था।

प्रायोजित • SPONSORED
❤️
100% पाठक समर्थित मीडिया

निष्पक्ष व निडर पत्रकारिता को आपका साथ चाहिए

द फ्रीलांस बिना किसी कॉर्पोरेट या राजनीतिक दबाव के जनसरोकार की खबरें आप तक पहुँचाता है। आपका छोटा सा योगदान भी हमारी स्वतंत्रता की ताकत है।

संबंधित खबरें

किरेन रिजिजू ने की असदुद्दीन ओवैसी की तारीफ: बोले- राष्ट्रीय हित के मुद्दों पर विपक्ष को उनसे सीखना चाहिए

किरेन रिजिजू ने की असदुद्दीन ओवैसी की तारीफ: बोले- राष्ट्रीय हित के मुद्दों पर विपक्ष को उनसे सीखना चाहिए

ठाणे में सनसनीखेज वारदात: एक लाख की सोने की चेन और बाइक के लिए दोस्तों ने की 17 वर्षीय किशोर की हत्या

ठाणे में सनसनीखेज वारदात: एक लाख की सोने की चेन और बाइक के लिए दोस्तों ने की 17 वर्षीय किशोर की हत्या

पत्नी के जन्मदिन पर खौफनाक वारदात: गुरुग्राम में फ्लैट के अंदर मृत मिले टेक दंपति, सामने आया चौंकाने वाला ईमेल

पत्नी के जन्मदिन पर खौफनाक वारदात: गुरुग्राम में फ्लैट के अंदर मृत मिले टेक दंपति, सामने आया चौंकाने वाला ईमेल

कार डिजाइनिंग में AI का बोलबाला, 57% भारतीय ऑटो कंपनियां कर रहीं आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का इस्तेमाल

कार डिजाइनिंग में AI का बोलबाला, 57% भारतीय ऑटो कंपनियां कर रहीं आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का इस्तेमाल

नए स्मार्टफोन महंगे होने से डिमांड में रिफर्बिश्ड फोन, 13 पर्सेंट तक बढ़ी डिमांड

नए स्मार्टफोन महंगे होने से डिमांड में रिफर्बिश्ड फोन, 13 पर्सेंट तक बढ़ी डिमांड

लखनऊ के चर्चित शिवा शर्मा हत्याकांड में नेपाल भागने के बाद भी पुलिस की गिरफ्त से दूर क्यों है श्रद्धा दुबे?

लखनऊ के चर्चित शिवा शर्मा हत्याकांड में नेपाल भागने के बाद भी पुलिस की गिरफ्त से दूर क्यों है श्रद्धा दुबे?

बच्चों का इंटरनेट इस्तेमाल रोकना पूरी तरह बेतुका: सुप्रीम कोर्ट की दो टूक, कहा- यह उनका मौलिक अधिकार

बच्चों का इंटरनेट इस्तेमाल रोकना पूरी तरह बेतुका: सुप्रीम कोर्ट की दो टूक, कहा- यह उनका मौलिक अधिकार

3 कामों में कभी भी नहीं लेनी चाहिए AI की मदद, पैसों के साथ आपकी जिंदगी पर भी मंडरा सकता है बड़ा खतरा

3 कामों में कभी भी नहीं लेनी चाहिए AI की मदद, पैसों के साथ आपकी जिंदगी पर भी मंडरा सकता है बड़ा खतरा

✍️

टेक एवं ऑटोमोबाइल डेस्क, द फ्रीलांस

सत्यापित संपादकीय डेस्क

गैजेट्स, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, साइबर सुरक्षा व मोबिलिटी टीम

द फ्रीलांस की टेक और ऑटो डेस्क आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, साइबर सुरक्षा, उपभोक्ता गैजेट्स, इलेक्ट्रिक मोबिलिटी और ऑटोमोबाइल इंडस्ट्री के नए नवाचारों पर प्रामाणिक और उपभोक्ता-केंद्रित रिव्यू व रिपोर्ट्स प्रस्तुत करती है। हम निष्पक्ष, सटीक और तथ्यात्मक पत्रकारिता के लिए प्रतिबद्ध हैं। यह समाचार रिपोर्ट विभिन्न प्रमाणित समाचार एजेंसियों, आधिकारिक बयानों और स्थानीय संवाददाताओं से प्राप्त इनपुट के आधार पर तैयार की जाती है।

विज्ञापन • ADVERTISEMENT

संबंधित विजुअल स्टोरीज (Web Stories)

TAP TO VIEW

‘#jiovsstarlink’ व टेक & ऑटो से जुड़ी अन्य बड़ी खबरें

किरेन रिजिजू ने की असदुद्दीन ओवैसी की तारीफ: बोले- राष्ट्रीय हित के मुद्दों पर विपक्ष को उनसे सीखना चाहिएTECH-AUTO

किरेन रिजिजू ने की असदुद्दीन ओवैसी की तारीफ: बोले- राष्ट्रीय हित के मुद्दों पर विपक्ष को उनसे सीखना चाहिए

17 अक्टू॰39
ठाणे में सनसनीखेज वारदात: एक लाख की सोने की चेन और बाइक के लिए दोस्तों ने की 17 वर्षीय किशोर की हत्याTECH-AUTO

ठाणे में सनसनीखेज वारदात: एक लाख की सोने की चेन और बाइक के लिए दोस्तों ने की 17 वर्षीय किशोर की हत्या

17 अक्टू॰37
पत्नी के जन्मदिन पर खौफनाक वारदात: गुरुग्राम में फ्लैट के अंदर मृत मिले टेक दंपति, सामने आया चौंकाने वाला ईमेलTECH-AUTO

पत्नी के जन्मदिन पर खौफनाक वारदात: गुरुग्राम में फ्लैट के अंदर मृत मिले टेक दंपति, सामने आया चौंकाने वाला ईमेल

17 अक्टू॰43
कार डिजाइनिंग में AI का बोलबाला, 57% भारतीय ऑटो कंपनियां कर रहीं आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का इस्तेमालTECH-AUTO

कार डिजाइनिंग में AI का बोलबाला, 57% भारतीय ऑटो कंपनियां कर रहीं आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का इस्तेमाल

17 अक्टू॰46
नए स्मार्टफोन महंगे होने से डिमांड में रिफर्बिश्ड फोन, 13 पर्सेंट तक बढ़ी डिमांडTECH-AUTO

नए स्मार्टफोन महंगे होने से डिमांड में रिफर्बिश्ड फोन, 13 पर्सेंट तक बढ़ी डिमांड

17 अक्टू॰30
लखनऊ के चर्चित शिवा शर्मा हत्याकांड में नेपाल भागने के बाद भी पुलिस की गिरफ्त से दूर क्यों है श्रद्धा दुबे?TECH-AUTO

लखनऊ के चर्चित शिवा शर्मा हत्याकांड में नेपाल भागने के बाद भी पुलिस की गिरफ्त से दूर क्यों है श्रद्धा दुबे?

17 अक्टू॰49
बच्चों का इंटरनेट इस्तेमाल रोकना पूरी तरह बेतुका: सुप्रीम कोर्ट की दो टूक, कहा- यह उनका मौलिक अधिकारTECH-AUTO

बच्चों का इंटरनेट इस्तेमाल रोकना पूरी तरह बेतुका: सुप्रीम कोर्ट की दो टूक, कहा- यह उनका मौलिक अधिकार

17 अक्टू॰36
3 कामों में कभी भी नहीं लेनी चाहिए AI की मदद, पैसों के साथ आपकी जिंदगी पर भी मंडरा सकता है बड़ा खतराTECH-AUTO

3 कामों में कभी भी नहीं लेनी चाहिए AI की मदद, पैसों के साथ आपकी जिंदगी पर भी मंडरा सकता है बड़ा खतरा

17 अक्टू॰44
विज्ञापन • ADVERTISEMENT