करीब 9 महीने तक नौकरी की लगातार तलाश करने के बाद जब आखिरकार एक अमेरिकी शख्स को नई जॉब मिली, तो उसे लगा कि उसकी जिंदगी के बुरे दिन अब खत्म हो चुके हैं। नई नौकरी का पहला दिन उसके लिए बेहद खास था। उसने रात में ही नहाकर अपने कपड़े तैयार किए, अगली सुबह नए पोलो शर्ट पहनकर समय पर ऑफिस पहुंचा। लेकिन उसे अंदाजा भी नहीं था कि कुछ ही घंटों में उसकी यह खुशी एक बड़े झटके में बदल जाएगी।
शख्स ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म रेडिट (Reddit) पर अपनी आपबीती साझा करते हुए बताया कि जॉब ज्वाइन करने के महज ढाई घंटे बाद ही उसे ऑफिस से वापस जाने के लिए कह दिया गया। टेंप एजेंसी के जरिए मिली इस जॉब से हटाए जाने के पीछे जो वजह बताई गई, वह काफी हैरान करने वाली थी—'हाइजीन इश्यू' यानी साफ-सफाई से जुड़ी समस्या।
नई उम्मीद के साथ पहुंचा था ऑफिस, मिली ज्यादा सैलरी की खुशी
पीड़ित शख्स के मुताबिक, वह पिछले साढ़े नौ महीनों से बेरोजगार चल रहा था और इस दौरान उसकी बेरोजगारी भत्ता (Unemployment Benefits) की आर्थिक मदद भी समाप्त हो चुकी थी। ऐसे में जब उसे यह नई नौकरी मिली तो वह बेहद खुश था। खास बात यह थी कि इस जॉब में उसे उसकी पिछली नौकरी से ज्यादा वेतन मिलने वाला था।
पहले दिन को यादगार और प्रोफेशनल बनाने के लिए उसने खास तैयारी की थी। उसने रात में ही नहाया, एक नई पोलो टी-शर्ट तैयार की और सुबह समय पर ऑफिस पहुंच गया। शुरुआती समय में सुपरवाइजर ने उसे पूरा ऑफिस घुमाया, किचन और बाथरूम सुविधाएं दिखाईं और सहकर्मियों से मिलवाया। सब कुछ बहुत बढ़िया चल रहा था और उसे ऑफिस का माहौल काफी पसंद आया था।
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ट्रेनिंग शुरू होते ही बदला पूरा घटनाक्रम
सुबह करीब 10 बजे एक सीनियर कर्मचारी ने उसे काम की ट्रेनिंग देना शुरू किया। हालांकि, कुछ ही देर बाद सुपरवाइजर वापस आईं और उससे दोपहर से पहले ही लंच ब्रेक लेने को कहा। इसके बाद सुपरवाइजर ने ट्रेनर को किसी मीटिंग के लिए बुला लिया। जब ट्रेनर वापस आई, तो उसने बताया कि उसे अपना कुछ काम निपटाना है, इसलिए वह वहीं बैठकर इंतजार करे।
कुछ देर बाद सुपरवाइजर ने दोबारा आकर उससे जल्दी लंच ब्रेक पर जाने को कहा। जैसे ही वह व्यक्ति ऑफिस की इमारत से बाहर निकल रहा था, तभी उसके फोन पर टेंप एजेंसी की कॉल आई। कॉल पर उसे बताया गया कि कंपनी ने उसकी नौकरी तुरंत प्रभाव से समाप्त कर दी है।
'हाइजीन इश्यू' का हवाला, शख्स खुद हैरान
जब शख्स ने बर्खास्तगी का कारण पूछा, तो एजेंसी ने बताया कि कंपनी ने 'हाइजीन इश्यू' (सफाई से जुड़ी शिकायत) के कारण उसे काम से हटाया है। यह सुनकर वह स्तब्ध रह गया। उसने स्पष्ट किया कि वह नहाकर आया था, साफ-सुथरे और नए कपड़े पहने हुए थे। वह नियमित रूप से ब्रश और फ्लॉस करता है और धूम्रपान भी नहीं करता।
नौकरी से निकाले जाने के बाद जब उसने अपने दो दोस्तों से इस बारे में बात की, तो उन्होंने भी उसके पास से किसी तरह की असहज करने वाली बदबू होने से इनकार किया। एक दोस्त ने तो काफी करीब आकर जांच की और बताया कि सिर्फ हल्की सी सामान्य पसीने की गंध थी। सबसे ज्यादा परेशान करने वाली बात यह थी कि न तो कंपनी ने और न ही टेंप एजेंसी ने यह स्पष्ट किया कि आखिर 2.5 घंटे में ऐसी कौन सी गंभीर समस्या आ गई थी। सोशल मीडिया पर लोग अब इस बात पर चर्चा कर रहे हैं कि क्या हाइजीन सिर्फ एक बहाना था या इसके पीछे कोई और कॉर्पोरेट राजनीति थी।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर वायरल इस पोस्ट के दावों की सत्यता की 'The Freelance' स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं करता है। यह विषय सोशल मीडिया पर व्यापक चर्चा का विषय बना हुआ है। साभार: संबंधित सोशल मीडिया हैंडल / क्रिएटर।



