ताजमहल के शहर आगरा में इन दिनों मौसम का अजीब खेल देखने को मिल रहा है। अक्टूबर का महीना चल रहा है लेकिन दोपहर के समय गर्मी और पसीने से लोग परेशान हैं। मौसम विभाग के अनुसार पिछले कुछ दिनों में बारिश की कमी और बादलों की आवाजाही के कारण तापमान में लगातार बदलाव आ रहा है। मानसून सीजन के दौरान भी यहां सामान्य से कम बारिश दर्ज की गई थी, जिसका असर अब साफ तौर पर दिखाई दे रहा है। सुबह के समय हल्की ठंड और ओस की बूंदें सर्दियों के आने का संकेत दे रही हैं, लेकिन दोपहर होते-होते धूप इतनी तेज हो जाती है कि लोगों को पंखे और कूलर चलाने पड़ रहे हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि इस बार अक्टूबर की शुरुआत में ही मौसम के दो अलग-अलग रूप देखने को मिल रहे हैं। एक तरफ जहां सुबह की ताजी हवा और हल्की गुलाबी ठंडक मन को खुश कर देती है, वहीं दिन चढ़ते ही धूप इतनी चुभने लगती है कि घर से बाहर निकलना मुश्किल हो जाता है। मौसम कार्यालय के आंकड़ों के मुताबिक पिछले 24 घंटों के दौरान उत्तर प्रदेश के कुछ अन्य शहरों के मुकाबले आगरा में तापमान थोड़ा ज्यादा दर्ज किया गया है। प्रयागराज के साथ-साथ आगरा भी राज्य के सबसे गर्म जिलों में शामिल रहा है, जिससे दिन के समय लोगों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
दिन की चुभती धूप और पसीने का हाल
आगरा के बाजारों और सड़कों पर दोपहर के वक्त गर्मी का असर साफ महसूस किया जा सकता है। लोग धूप से बचने के लिए छाते और रुमाल का इस्तेमाल करते नजर आ रहे हैं। मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि हवा की दिशा बदलने और आसमान साफ रहने की वजह से धूप सीधी जमीन पर आ रही है। इसके कारण अधिकतम तापमान सामान्य से थोड़ा ऊपर बना हुआ है। हालांकि राहत की बात यह है कि शाम ढलते ही मौसम सुहाना हो जाता है और ठंडी हवाएं चलने लगती हैं। मौसम विभाग का अनुमान है कि आने वाले कुछ दिनों तक मौसम का यही मिजाज बना रहेगा और दिन-रात के तापमान में बड़ा अंतर देखने को मिलेगा।
कृषि मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि इस तरह के मौसम से फसलों पर भी मिला-जुला असर पड़ सकता है। किसानों को सलाह दी गई है कि वे अपनी फसलों की सिंचाई और देखभाल स्थानीय मौसम की स्थिति को ध्यान में रखकर ही करें। शहर के अस्पतालों में भी इस बदलते मौसम के कारण सर्दी, जुकाम और वायरल बुखार के मरीजों की संख्या में हल्का इजाफा देखा जा रहा है। डॉक्टरों का कहना है कि सुबह की ठंड और दिन की गर्मी के बीच तालमेल बिठाना शरीर के लिए मुश्किल हो जाता है, इसलिए लोगों को खानपान और सेहत का खास ख्याल रखने की जरूरत है।
सुबह और रात के वक्त गुलाबी ठंड की दस्तक
दिन की गर्मी के विपरीत, रात का समय अब काफी सुहावना होने लगा है। पार्क में टहलने आने वाले लोग बताते हैं कि अब हल्की चादर ओढ़ने की जरूरत महसूस होने लगी है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार अगले कुछ दिनों तक सुबह के समय हल्का कोहरा या धुंध भी देखने को मिल सकती है। तापमान में इस उतार-चढ़ाव के पीछे मौसम का संक्रमण काल मुख्य वजह है। मानसून की पूरी तरह से विदाई हो चुकी है और सर्दियों के आने की प्रक्रिया धीरे-धीरे शुरू हो रही है, जिसके चलते यह बदलाव आम बात है।
प्रशासन और मौसम केंद्र लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं ताकि किसी भी अचानक बदलाव की सूचना समय पर दी जा सके। अभी तक किसी भी तरह की चेतावनी जारी नहीं की गई है, और आने वाले दिनों में मौसम पूरी तरह साफ रहने की संभावना जताई जा रही है। शहरवासी इस सुहावने और थोड़े गर्म मिले-जुले मौसम का आनंद ले रहे हैं और उम्मीद कर रहे हैं कि आने वाले हफ्तों में ठंड पूरी तरह से अपनी पकड़ बना लेगी।
आने वाले दिनों में कैसा रहेगा तापमान
मौसम विज्ञानियों के मुताबिक आगामी 18 अक्टूबर तक आगरा और आसपास के इलाकों में मौसम साफ रहने के आसार हैं। बीच-बीच में हल्के बादल जरूर छा सकते हैं, लेकिन बारिश की कोई खास उम्मीद नहीं है। हवा की रफ्तार सामान्य से थोड़ी तेज हो सकती है जिससे उमस से राहत मिलेगी। कुल मिलाकर अक्टूबर के इस महीने में आगरा के लोगों को अभी कुछ और दिन धूप और छांव के इस खेल का सामना करना पड़ेगा।







