दिल्ली के अपोलो अस्पताल में भर्ती कराए गए लालकृष्ण आडवाणी
भारतीय राजनीति के दिग्गज और भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी की सेहत को लेकर एक बड़ी खबर सामने आई है। देश के पूर्व उप प्रधानमंत्री को सीने में संक्रमण की शिकायत के बाद राजधानी दिल्ली के प्रतिष्ठित इंद्रप्रस्थ अपोलो अस्पताल में भर्ती कराया गया है। अस्पताल प्रशासन की ओर से दी गई आधिकारिक जानकारी के मुताबिक, उन्हें शुक्रवार शाम करीब साढ़े सात बजे अस्पताल लाया गया था।
अस्पताल पहुंचने के बाद डॉक्टरों ने तुरंत उनकी जांच शुरू की और उन्हें फेफड़ों के संक्रमण के इलाज के लिए आईसीयू (इंटेंसिव केयर यूनिट) में शिफ्ट कर दिया गया। अस्पताल के वरिष्ठ न्यूरोलॉजिस्ट डॉ. विनीत सूरी की देखरेख में अनुभवी डॉक्टरों की एक टीम उनके स्वास्थ्य पर लगातार नजर बनाए हुए है। मेडिकल टीम का कहना है कि फिलहाल उनकी हालत स्थिर है और उन्हें हरसंभव चिकित्सीय सहायता दी जा रही है।
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने अस्पताल पहुंचकर लिया सेहत का जायजा
वरिष्ठ नेता के अस्पताल में भर्ती होने की खबर मिलते ही राजनीतिक गलियारों में चिंता की लहर दौड़ गई। इसी बीच, केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री और भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा शनिवार सुबह सीधे अपोलो अस्पताल पहुंचे। उन्होंने वहां मौजूद डॉक्टरों और चिकित्सा दल से लंबी बातचीत की तथा लालकृष्ण आडवाणी के स्वास्थ्य के बारे में विस्तार से जानकारी ली।
अस्पताल से बाहर आने के बाद केंद्रीय मंत्री ने मीडिया से बातचीत करते हुए स्पष्ट किया कि भाजपा के वरिष्ठ नेता की हालत फिलहाल पूरी तरह स्थिर है और उन्हें डॉक्टरों की कड़ी निगरानी में रखा गया है। देश भर से उनके चाहने वाले और पार्टी कार्यकर्ता उनके शीघ्र स्वास्थ्य लाभ के लिए ईश्वर से प्रार्थना कर रहे हैं।
कुछ दिन पहले ही प्रधानमंत्री मोदी ने की थी मुलाकात
लालकृष्ण आडवाणी के अस्पताल में भर्ती होने से महज कुछ दिन पहले ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उनके दिल्ली स्थित आवास पर जाकर उनसे मुलाकात की थी। इसी महीने की 7 तारीख को प्रधानमंत्री मोदी ने सरकार के प्रमुख के रूप में अपने कार्यकाल के 25 साल पूरे करने के ऐतिहासिक अवसर पर वरिष्ठ नेता से आशीर्वाद लिया था।
मुलाकात के बाद प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर तस्वीरें साझा करते हुए देश की प्रगति और राजनीतिक सफर में आडवाणी के अतुलनीय योगदान को याद किया था। पीएम मोदी ने अपने संदेश में कहा था कि देश के विकास को मजबूत करने में लालकृष्ण आडवाणी की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण रही है और उनकी दशकों की सार्वजनिक सेवा देशवासियों के लिए प्रेरणास्त्रोत है।
राजनीतिक जीवन और देश के विकास में अमूल्य योगदान
अट्ठानवे वर्षीय लालकृष्ण आडवाणी भारतीय राजनीति के उन चुनिंदा स्तंभों में से एक हैं जिन्होंने देश की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभाई है। उन्होंने देश के गृह मंत्री और उप प्रधानमंत्री जैसे महत्वपूर्ण पदों की जिम्मेदारी संभालते हुए राष्ट्रीय सुरक्षा और राजनीतिक स्थिरता के लिए कड़े फैसले लिए। उनके राजनीतिक सफर और सांगठनिक क्षमता ने भारतीय जनता पार्टी को देश की सबसे बड़ी राजनीतिक ताकतों में से एक बनाने में निर्णायक भूमिका निभाई।
मौजूदा समय में बढ़ती उम्र के कारण वे सक्रिय राजनीति से दूरी बनाए हुए हैं, लेकिन देश के राजनीतिक और सामाजिक दायरे में उनका सम्मान हमेशा सर्वोपरि रहा है। देश के तमाम विपक्षी और सत्ता पक्ष के नेता उनके जल्द स्वस्थ होने की कामना कर रहे हैं। चिकित्सा विशेषज्ञों के अनुसार, संक्रमण पर नियंत्रण पाने के लिए उन्हें कुछ और दिन डॉक्टरों की देखरेख में रहना पड़ सकता है।
"लालकृष्ण आडवाणी जी के स्वास्थ्य को लेकर अस्पताल प्रशासन और डॉक्टरों की टीम पूरी तरह मुस्तैद है। उनका इलाज विशेषज्ञों की देखरेख में चल रहा है और उनकी हालत पूरी तरह स्थिर है। देशवासियों की दुआएं उनके साथ हैं।" — अस्पताल प्रबंधन, इंद्रप्रस्थ अपोलो अस्पताल












