नई दिल्ली/ग्राउंड ब्यूरो — खेल के मैदान पर इन दिनों शतकों की गूंज चारों तरफ सुनाई दे रही है। भारत और वेस्टइंडीज के बीच खेली जा रही सीरीज में बल्लेबाजों का जलवा देखने को मिला है। पिछले दस सालों में पहली बार ऐसा हुआ है कि किसी सीरीज में दोनों टीमों के खिलाड़ियों ने मिलकर शतकों की झड़ी लगा दी हो। पिच पर उतरते ही बल्लेबाज गेंदबाजों पर हावी नजर आ रहे हैं और हर मैच में रन मशीन लगातार काम कर रही है। खेल प्रेमियों के लिए यह किसी बड़े त्योहार से कम नहीं है क्योंकि चौकों और छक्कों की बरसात के साथ शतक पूरे होने का रोमांच हर मुकाबले में बना हुआ है।
इसी बीच भारतीय मध्यक्रम के मजबूत बल्लेबाज श्रेयस अय्यर ने एक बड़ा बयान देकर सबका ध्यान खींच लिया है। वेस्टइंडीज के खिलाफ शानदार शतक जड़ने के बाद अय्यर ने कहा कि अगर टीम इसी सोच और आक्रामक मानसिकता के साथ खेलती रही, तो दुनिया की कोई भी टीम उन्हें हरा नहीं पाएगी। इस शतकीय पारी के दम पर अय्यर ने कई बड़े रिकॉर्ड भी अपने नाम किए हैं और कप्तान रोहित शर्मा की खास खिलाड़ियों की सूची में अपनी जगह पक्की कर ली है। उनकी यह फॉर्म आने वाले बड़े टूर्नामेंट्स के लिए टीम इंडिया के लिहाज से बहुत अच्छी खबर मानी जा रही है।
युवा खिलाड़ी वैभव सूर्यवंशी के बड़े सपने
दूसरी तरफ घरेलू और जूनियर क्रिकेट में भी शतकों का सिलसिला रुकने का नाम नहीं ले रहा है। कम उम्र में ही अपनी आक्रामक बल्लेबाजी से सनसनी फैलाने वाले युवा खिलाड़ी वैभव सूर्यवंशी ने अपने जीवन के छह बड़े लक्ष्य दुनिया के सामने रखे हैं। उन्होंने एक ओवर में छह छक्के लगाने से लेकर सबसे तेज शतक जड़ने तक का रिकॉर्ड बनाने की इच्छा जताई है। इन युवा खिलाड़ियों का यह हौसला यह बताता है कि आने वाले समय में भारतीय क्रिकेट का भविष्य पूरी तरह सुरक्षित और मजबूत हाथों में है। मैदान पर पसीना बहा रहे ये युवा खिलाड़ी अब बड़े मंच पर अपनी छाप छोड़ने के लिए पूरी तरह तैयार नजर आ रहे हैं।
घरेलू क्रिकेट के मोर्चे पर भी शतकों का कमाल लगातार जारी है। हाल ही में चंडीगढ़ में खेले गए मुकाबलों में स्थानीय खिलाड़ियों ने अपनी शानदार पारियों के दम पर टीम को फाइनल तक का रास्ता दिखाया है। हरजगतेश्वर जैसे खिलाड़ियों ने दबाव के पलों में शानदार शतक लगाकर अपनी टीम की न केवल नैया पार लगाई, बल्कि चयनकर्ताओं का ध्यान भी अपनी ओर खींचा है। रणजी ट्रॉफी और अन्य घरेलू टूर्नामेंट्स में इस तरह की पारियां यह साबित करती हैं कि जमीनी स्तर पर भी क्रिकेट का स्तर लगातार ऊंचा उठ रहा है।
संबंधित खबरें
टेस्ट क्रिकेट में शतकों के पुराने और अटूट रिकॉर्ड
अगर इतिहास के पन्नों को पलटकर देखें तो टेस्ट क्रिकेट में एक ही टीम के खिलाफ सबसे ज्यादा शतक जड़ने के रिकॉर्ड आज भी चर्चा का विषय बने रहते हैं। दुनिया के चुनिंदा बल्लेबाजों ने दशकों पहले ऐसे रिकॉर्ड बनाए थे जो आज भी कई दशकों बाद अटूट बने हुए हैं। वेस्टइंडीज और भारत के बीच चल रहे मुकाबलों के दौरान इन पुराने इतिहासों को याद किया जा रहा है। नए जमाने के बल्लेबाज इन पुराने कीर्तिमानों को तोड़ने के लिए लगातार मेहनत कर रहे हैं, लेकिन दिग्गजों के वे आंकड़े आज भी क्रिकेट जगत में मील का पत्थर माने जाते हैं।
कुल मिलाकर, मौजूदा समय में भारतीय क्रिकेट सर्किट में शतकों का यह दौर खेल प्रेमियों को रोमांचित कर रहा है। चाहे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर श्रेयस अय्यर का बल्ला बोल रहा हो या फिर घरेलू और जूनियर स्तर पर युवा खिलाड़ी नए कीर्तिमान गढ़ रहे हों, यह साफ है कि भारतीय क्रिकेट का यह स्वर्णिम काल चल रहा है। द फ्रीलान्स की ग्राउंड पड़ताल बताती है कि आने वाले महीनों में होने वाले मुकाबलों में यह रनों की भूख और ज्यादा बढ़ने वाली है, जिससे खेल का रोमांच और अधिक परवान चढ़ेगा।



