बॉलीवुड में कास्टिंग काउच का काला सच
हिंदी सिनेमा जगत में अपनी बेबाक राय और मजबूत बयानों के लिए पहचानी जाने वाली अभिनेत्री स्वरा भास्कर ने एक बार फिर फिल्म इंडस्ट्री के अंदरूनी काले सच से पर्दा उठाया है। स्वरा ने हाल ही में एक लोकप्रिय डिजिटल टॉक शो के दौरान अपने शुरुआती दिनों का एक ऐसा वाकया साझा किया, जिसे सुनकर हर कोई दंग रह गया। इंडस्ट्री में चमकती हुई दुनिया के पीछे छिपे अंधेरे और शोषण के जाल पर उन्होंने खुलकर बात की और बताया कि कैसे एक नए कलाकार को कई बार असहज स्थितियों का सामना करना पड़ता है।
अपने करियर के शुरुआती दौर में हर कलाकार का सपना बड़े पर्दे पर अपनी जगह बनाना होता है, लेकिन इस राह में कई बार ऐसे लोग मिल जाते हैं जो अपनी सत्ता और ओहदे का गलत फायदा उठाने की कोशिश करते हैं। स्वरा भास्कर का यह ताजा बयान उसी कड़वी सच्चाई को बयां करता है, जिससे कई उभरते हुए कलाकार चुपचाप गुजर जाते हैं, लेकिन स्वरा ने इस पर खुलकर बोलने का साहस दिखाया है।
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'तनु वेड्स मनु' के बाद मिली थी बड़ी फिल्म
स्वरा भास्कर ने शो के दौरान बातचीत करते हुए बताया कि उनकी फिल्म 'तनु वेड्स मनु' की अपार सफलता के बाद उनके करियर में एक अहम मोड़ आया था। उस सफलता के बाद उन्हें एक प्रोजेक्ट में बतौर मुख्य अभिनेत्री (लीड हीरोइन) साइन किया गया था। यह फिल्म उनके लिए बेहद महत्वपूर्ण थी और इसका शेड्यूल करीब 56 दिनों का था। उस दौरान वह इस बात को लेकर काफी उत्साहित थीं कि उन्हें एक बड़ी जिम्मेदारी मिली है और वह अपने काम पर पूरा ध्यान केंद्रित करना चाहती थीं।
लेकिन यह उत्साह तब काफूर हो गया जब फिल्म के निर्देशक (डायरेक्टर) ने उनके साथ काम करने के दौरान अपनी पेशेवर सीमाओं को लांघना शुरू कर दिया। स्वरा के अनुसार, शुरुआत में निर्देशक ने काम के सिलसिले में बात करने के बहाने उनके करीब आने की कोशिश की। धीरे-धीरे उनका बर्ताव अनप्रोफेशनल होने लगा और वह व्यक्तिगत जीवन में दखल देने लगे, जिससे अभिनेत्री काफी असहज महसूस करने लगीं।
अजीबोगरीब मांगें और असहज करने वाले मैसेज
एक्ट्रेस ने उस दौर को याद करते हुए बताया कि निर्देशक का रवैया लगातार अजीब होता जा रहा था। वह उन्हें लगातार ऐसे मैसेज भेजते थे जो एक निर्देशक और कलाकार के रिश्ते से बहुत आगे की बात थी। सेट पर सामने होने के बावजूद वह उन्हें कविताएं और इस तरह के संदेश भेजते थे जिससे साफ जाहिर होता था कि उनकी नीयत पेशेवर नहीं थी। स्वरा ने बताया कि जब उन्होंने निर्देशक को समझाने की कोशिश की, तो वे अपनी हरकतों से बाज नहीं आए।
हद तो तब हो गई जब फिल्म के एक रोमांटिक सीन की रिहर्सल को लेकर निर्देशक ने उनके सामने एक अजीब शर्त रखी। निर्देशक ने कहा कि इस सीन की रिहर्सल अकेले में करनी होगी ताकि वे दोनों मिलकर उस पर चर्चा कर सकें। इस पर स्वरा ने अपनी सूझबूझ का परिचय देते हुए साफ कह दिया कि रिहर्सल में मेकअप आर्टिस्ट, कैमरापर्सन और बाकी यूनिट के सदस्यों का होना अनिवार्य है, अकेले में ऐसी कोई रिहर्सल नहीं की जाएगी।
आधी रात को नशे में कमरे तक पहुंच गया था डायरेक्टर
बात सिर्फ पेशेवर असहजता तक ही सीमित नहीं रही, बल्कि मामला तब और भी ज्यादा खतरनाक हो गया जब निर्देशक ने हदें पार कर दीं। स्वरा ने उस डरावनी रात को याद करते हुए बताया कि जब वह शूटिंग के सिलसिले में एक गेस्ट हाउस में रुकी हुई थीं, तब रात के वक्त गंभीर स्थिति बन गई। निर्देशक और उनके कुछ साथी शराब के नशे में धुत होकर सीधे उनके कमरे के बाहर आ गए।
"मैं अपने 20 के दशक में थी और मुझे समझ नहीं आ रहा था कि ये लोग क्या चाहते हैं। वो दोनों शराब के नशे में चूर होकर आधी रात को मेरा दरवाजा खटखटाने लगे। उस वक्त मुझे अपनी सुरक्षा की चिंता सताने लगी थी, लेकिन मैंने किसी तरह खुद को संभाला और वहां से सुरक्षित बाहर निकली।" — स्वरा भास्कर, अभिनेत्री
उस भयावह अनुभव के बारे में बात करते हुए स्वरा ने बताया कि युवा कलाकारों, खासकर महिलाओं के लिए इस तरह की मानसिकता का सामना करना कितना मानसिक तनाव पैदा करने वाला होता है। हालांकि, उन्होंने अपनी हिम्मत और सूझबूझ से उस परिस्थिति का डटकर मुकाबला किया और वहां से सुरक्षित निकलने में सफल रहीं।
फिल्म इंडस्ट्री में सुरक्षा और बदलाव की जरूरत
स्वरा भास्कर द्वारा साझा किया गया यह संस्मरण एक बार फिर इस बहस को छेड़ देता है कि फिल्म निर्माण की इकाइयों में महिलाओं के लिए सुरक्षित कार्यस्थल का होना कितना जरूरी है। आज के समय में भले ही इंडस्ट्री में 'मीटू' (Me Too) मूवमेंट और आंतरिक शिकायत समितियों (ICC) के जरिए महिलाओं को थोड़ी सुरक्षा और आवाज उठाने का मंच मिला हो, लेकिन अतीत में कई कलाकारों ने इस तरह के मानसिक शोषण का चुपचाप सामना किया है।
स्वरा का यह बयान उन तमाम युवाओं के लिए एक सीख है जो ग्लैमर इंडस्ट्री में अपनी किस्मत आजमाने आते हैं। यह घटना सिखाती है कि विपरीत परिस्थितियों में भी कैसे मानसिक संतुलन बनाए रखते हुए गलत हरकतों का डटकर विरोध किया जाना चाहिए। सोशल मीडिया पर उनके इस खुलासे के बाद से फैंस और अन्य फिल्मी हस्तियां भी इस पर अपनी प्रतिक्रिया दे रही हैं और कार्यस्थलों पर सुरक्षा के कड़े नियमों की वकालत कर रही हैं।








