सुबह की शांति को चीख-पुकार में बदल देने वाली घटना
उत्तर प्रदेश के रायबरेली जिले से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां एक महिला का लहूलुहान शव मिलने से पूरे इलाके में दहशत फैल गई है। ग्रामीण जब सुबह अपने दैनिक कार्यों के लिए निकले, तो उन्होंने खेत के पास एक महिला का शव पड़ा देखा। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया और आनन-फानन में पुलिस बल मौके पर पहुंच गया। मृतका की पहचान रीता (37 वर्ष) के रूप में हुई है, जो अपने परिवार के साथ इसी इलाके में रहती थीं।
शुरुआती जानकारी के अनुसार, मृतका शनिवार देर शाम घर से शौच के लिए निकली थीं, लेकिन काफी देर बीत जाने के बाद भी वह वापस नहीं लौटीं। परिजनों ने रातभर उनकी तलाश की, लेकिन अंधेरे और कोहरे के कारण उनका कोई सुराग नहीं मिल सका। अगली सुबह जब ग्रामीणों ने गांव के पास स्थित खेतों की पगडंडी पर शव देखा, तो परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया और शव को अपने कब्जे में ले लिया।
पति के गंभीर आरोप और प्रेम प्रसंग का एंगल
इस पूरे मामले में मृतका के पति मनोज कुमार ने एक स्थानीय व्यक्ति पर हत्या का गंभीर आरोप लगाया है। पुलिस की शुरुआती पूछताछ में यह बात सामने आई है कि मृतका के पति पिछले कुछ दिनों से मजदूरी के सिलसिले में बाहर गए हुए थे। परिवारिक सूत्रों और पुलिस के मुताबिक, पिछले कुछ समय से गांव के ही एक अन्य युवक धर्मेश पासी के साथ महिला के नजदीकियां बढ़ने की बात सामने आ रही है। पति का दावा है कि इसी रंजिश या आपसी विवाद के चलते इस वारदात को अंजाम दिया गया है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि वे इस एंगल की भी बारीकी से जांच कर रहे हैं। हालांकि, अभी तक किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी। पुलिस ने मृतका के पति की शिकायत के आधार पर संदिग्ध व्यक्ति से पूछताछ के प्रयास शुरू कर दिए हैं। स्थानीय लोगों से भी घटना के संबंध में जानकारी जुटाई जा रही है ताकि यह पता चल सके कि रात के वक्त उस इलाके में कौन-कौन मौजूद था।
फोरेंसिक टीम की जांच और घटनास्थल के साक्ष्य
घटना की गंभीरता को देखते हुए जिले के वरिष्ठ अधिकारियों ने तत्काल फोरेंसिक टीम को मौके पर रवाना किया। फोरेंसिक विशेषज्ञों ने घटनास्थल की बारिकी से छानबीन की और वहां से कई अहम साक्ष्य एकत्र किए। मृतका के सिर और शरीर के अन्य हिस्सों पर गंभीर चोट के निशान पाए गए हैं, जिससे यह साफ होता है कि हत्या से पहले तीखा संघर्ष हुआ होगा। इसके अलावा घटनास्थल के पास से महिला का मोबाइल फोन और बिखरी हुई चप्पलें भी बरामद की गई हैं।
पुलिस अधिकारियों ने मौके का मुआयना करने के बाद बताया कि सभी साक्ष्यों को सुरक्षित रख लिया गया है। क्षेत्राधिकारी (सीओ) गिरिजा शंकर त्रिपाठी ने खुद मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया और थाना प्रभारी को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि वैज्ञानिक साक्ष्यों और तकनीकी सर्विलांस की मदद से इस अंधे कत्ल की गुत्थी को जल्द ही सुलझा लिया जाएगा।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर टिकी हैं पुलिस की निगाहें
मौत के असली कारणों का पता लगाने के लिए पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। डॉक्टरों के पैनल से वीडियोग्राफी के बीच पोस्टमार्टम कराया जा रहा है, ताकि मौत के समय और तरीकों को लेकर किसी भी प्रकार का संदेह न रहे। पुलिस का मानना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि महिला की मौत गला घोंटकर की गई थी या किसी भारी वस्तु से प्रहार करके।
"शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सही कारणों का खुलासा हो सकेगा। परिजनों द्वारा दी गई तहरीर के आधार पर हर पहलू से गहनता से जांच की जा रही है, और दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।" — गिरिजा शंकर त्रिपाठी, क्षेत्राधिकारी (सीओ)
इस दुखद घटना के बाद से मृतका के छोटे-छोटे बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल है। मां की अचानक हुई इस दर्दनाक मौत ने पूरे परिवार को झकझोर कर रख दिया है। ग्रामीण भी इस घटना से स्तब्ध हैं और पुलिस से जल्द से जल्द सच सामने लाने की मांग कर रहे हैं। कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए इलाके में पुलिस बल तैनात कर दिया गया है।










