सऊदी अरब की राजधानी रियाद से इस वक्त एक बड़ी और बेहद तनावपूर्ण खबर सामने आ रही है। रियाद के मुख्य किंग खालिद अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के आसपास अचानक कई जबरदस्त धमाकों की आवाजें गूंज उठीं। इन धमाकों के बाद आसमान में धुएं का गुबार देखा गया और पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। हालात इतने गंभीर हो गए कि प्रशासन को तुरंत प्रभाव से हवाई अड्डे का संचालन बंद करना पड़ा। विमानों की आवाजाही रोक दी गई है और आसमान में मंडरा रहे जहाजों को सुरक्षित बौर पर दूसरे एयरपोर्ट की तरफ मोड़ा जा रहा है।
घटनास्थल पर मौजूद चश्मदीदों के मुताबिक, धमाकों की आवाज इतनी तेज थी कि एयरपोर्ट के भीतर और बाहर खड़े लोग पूरी तरह से सहम गए। यात्रियों में चीख-पुकार मच गई और हर कोई अपनी जान बचाने के लिए भागने लगा। इस भगदड़ के दौरान कई यात्री अपना कीमती सामान, ट्रॉली और बैग मौके पर ही छोड़कर बाहर की तरफ भागे। एयरपोर्ट टर्मिनल के अंदर का नजारा काफी डरावना था, जहां कुर्सियां खाली पड़ी थीं और चारों तरफ सामान बिखरा हुआ था। सुरक्षा बलों ने तुरंत मोर्चा संभालते हुए पूरे इलाके को अपने घेरे में ले लिया है।
किंग खालिद एयरपोर्ट पर अचानक क्यों मची अफरा-तफरी?
सऊदी अरब के उड्डयन विभाग और स्थानीय प्रशासन के सामने इस वक्त सबसे बड़ी चुनौती यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकालने की है। किंग खालिद एयरपोर्ट मध्य पूर्व के सबसे व्यस्त और बड़े हवाई अड्डों में से एक माना जाता है। यहां हर रोज सैकड़ों अंतरराष्ट्रीय और घरेलू उड़ानें आती-जाती हैं। अचानक हुए इन धमाकों के बाद सभी उड़ानों को अनिश्चितकाल के लिए रद्द या निलंबित कर दिया गया है। एयरलाइंस कंपनियों ने अपने काउंटर्स बंद कर दिए हैं और यात्रियों को टर्मिनल बिल्डिंग से दूर सुरक्षित खुली जगहों पर भेजा जा रहा है।
प्रारंभिक रिपोर्टों में यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि ये धमाके किस वजह से हुए और इसके पीछे किसका हाथ है। क्या यह कोई मिसाइल हमला था या फिर सुरक्षा चूक के कारण हुआ कोई हादसा, इस पर अभी तक सऊदी प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। देश के रक्षा मंत्रालय और गृह विभाग के वरिष्ठ अधिकारी स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं। खुफिया एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि इस सुरक्षा खतरे के पीछे कौन से तत्व शामिल हैं।
सुरक्षा बलों का कड़ा पहरा और आपातकालीन सेवाएं अलर्ट
घटना के तुरंत बाद सऊदी अरब के आपातकालीन प्रतिक्रिया दल, एम्बुलेंस और दमकल गाड़ियां मौके पर पहुंच गईं। हवाई अड्डे के चारों तरफ भारी संख्या में सुरक्षा बलों को तैनात कर दिया गया है। किसी भी बाहरी व्यक्ति या वाहन को एयरपोर्ट के करीब आने की अनुमति नहीं दी जा रही है। सुरक्षा एजेंसियां यह सुनिश्चित कर रही हैं कि यदि कोई और खतरा आसपास मौजूद हो, तो उसे समय रहते नाकाम किया जा सके। रियाद के अन्य संवेदनशील ठिकानों पर भी सुरक्षा कड़ी कर दी गई है।
जो यात्री इस समय एयरपोर्ट के भीतर फंसे हुए थे, उन्हें धीरे-धीरे सुरक्षित बंकरों और टर्मिनल के सुरक्षित हिस्सों में शिफ्ट किया जा रहा है। हालांकि, अचानक हुए इस घटनाक्रम के कारण वैश्विक स्तर पर भी चिंता बढ़ गई है। मध्य पूर्व के इस अहम देश में इस तरह की सुरक्षा घटना से अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के रूट और सुरक्षा तंत्र पर असर पड़ना तय है। द फ्रीलान्स की टीम इस मामले पर लगातार नजर बनाए हुए है और जैसे ही कोई नया आधिकारिक अपडेट आएगा, उसे तुरंत पाठकों तक पहुंचाया जाएगा।






