विज्ञापन • ADVERTISEMENT
होम/लाइफस्टाइल/बार-बार पेशाब आना: डायबिटीज या प्रोस्टेट कैंसर? डॉक्टर ने बताया पहचान का सही तरीका और कब हो जाएं सतर्क!
लाइफस्टाइलपढ़ने में समय: 4 मिनट

बार-बार पेशाब आना: डायबिटीज या प्रोस्टेट कैंसर? डॉक्टर ने बताया पहचान का सही तरीका और कब हो जाएं सतर्क!

बार-बार पेशाब आने की समस्या अक्सर लोगों को डायबिटीज या प्रोस्टेट से जुड़ी बीमारियों को लेकर भ्रमित करती है। सफदरजंग अस्पताल के यूरोलॉजी विभाग के हेड प्रोफेसर डॉ. अनूप कुमार ने स्पष्ट किया है कि बढ़े हुए ब्लड शुगर और प्रोस्टेट के आकार में वृद्धि, दोनों ही इस लक्षण का कारण बन सकते हैं। उन्होंने बताया कि लक्षणों के आधार पर सीधे कैंसर का अनुमान लगाना गलत है और सही पहचान के लिए कुछ महत्वपूर्ण जांचें आवश्यक हैं।
✍️
लाइफस्टाइल एवं स्वास्थ्य डेस्क, द फ्रीलांस
स्वास्थ्य व वेलनेस डेस्क•8 अक्टूबर 2026 • अपडेटेड•28
🌐Read in English →
शेयर करें:
बार-बार पेशाब आना: डायबिटीज या प्रोस्टेट कैंसर? डॉक्टर ने बताया पहचान का सही तरीका और कब हो जाएं सतर्क!
📷 बार-बार पेशाब आना: डायबिटीज या प्रोस्टेट कैंसर? डॉक्टर ने बताया पहचान का सही तरीका और कब हो जाएं सतर्क! — मुख्य घटनाक्रमफोटो साभार: रॉयटर्स / एजेंसीज़ / सोशल मीडिया

खबर की बड़ी बातें (Key Highlights)

  • डायबिटीज में हाई ब्लड शुगर के कारण शरीर ग्लूकोज को बाहर निकालने के लिए बार-बार पेशाब करता है।
  • उम्र के साथ प्रोस्टेट बढ़ने से मूत्रमार्ग पर दबाव पड़ता है, जिससे पेशाब करने में दिक्कतें आती हैं।
  • प्रोस्टेट कैंसर और सामान्य प्रोस्टेट बढ़ने (BPH) के शुरुआती लक्षण अक्सर समान हो सकते हैं, इसलिए विशेषज्ञ की सलाह महत्वपूर्ण है।
  • सही पहचान के लिए PSA ब्लड टेस्ट, यूरिन टेस्ट, ब्लड शुगर की जांच और जरूरत पड़ने पर अल्ट्रासाउंड कराना जरूरी है।
  • बदलती जीवनशैली, शराब और धूम्रपान जैसे कारक कम उम्र में कैंसर के बढ़ते मामलों में योगदान दे रहे हैं।

अक्सर जिन लोगों को बार-बार पेशाब आने की समस्या होती है, वे इस बात को लेकर सबसे बड़े भ्रम में रहते हैं कि यह डायबिटीज का संकेत है या प्रोस्टेट से जुड़ी कोई गंभीर बीमारी। कुछ लोग तो इसे सीधे प्रोस्टेट कैंसर से भी जोड़कर देखते हैं, जिससे अनावश्यक चिंता बढ़ जाती है। लेकिन इन लक्षणों के पीछे असली कारण क्या होता है? कब यह समस्या खतरनाक हो सकती है और कब इसे सामान्य माना जा सकता है? इन महत्वपूर्ण सवालों के जवाब जानने के लिए 'The Freelance' ने विशेषज्ञ से खास बातचीत की है।

डायबिटीज या प्रोस्टेट: लक्षणों में अंतर और समानता

सफदरजंग अस्पताल और VMMC के यूरोलॉजी विभाग के हेड प्रोफेसर (डॉ.) अनूप कुमार ने दिल्ली में आयोजित 'सोसाइटी ऑफ़ रोबोटिक सर्जरी (SRS) इंडिया 2026' इंटरनेशनल कॉन्फ्रेंस में जानकारी देते हुए बताया कि डायबिटीज में ब्लड शुगर का स्तर बढ़ने पर शरीर अतिरिक्त ग्लूकोज को यूरिन के रास्ते बाहर निकालने का प्रयास करता है। यह प्रक्रिया शरीर में तरल पदार्थों के संतुलन को बिगाड़ देती है, जिसके परिणामस्वरूप व्यक्ति को बार-बार और अधिक मात्रा में पेशाब आता है। इसे पॉलीडिप्सिया (अधिक प्यास) और पॉल्यूरिया (अधिक पेशाब) के नाम से जाना जाता है।

वहीं, पुरुषों में उम्र बढ़ने के साथ प्रोस्टेट ग्रंथि का आकार स्वाभाविक रूप से बढ़ने लगता है, जिसे बिनाइन प्रोस्टेटिक हाइपरप्लासिया (BPH) कहते हैं। जब प्रोस्टेट का आकार बढ़ता है, तो वह मूत्रमार्ग (पेशाब की नली) पर दबाव डाल सकता है। इस दबाव के कारण पेशाब की धार कमजोर होना, पेशाब शुरू करने में परेशानी होना, बार-बार पेशाब आना (खासकर रात में कई बार उठना) और पेशाब करने के बाद मूत्राशय पूरी तरह खाली न होने का एहसास जैसी दिक्कतें हो सकती हैं।

डॉ. कुमार ने स्पष्ट किया कि हालांकि ये लक्षण बेहद परेशान करने वाले हो सकते हैं, लेकिन इसका मतलब सीधे प्रोस्टेट कैंसर नहीं है। प्रोस्टेट कैंसर और सामान्य प्रोस्टेट बढ़ने (BPH) के लक्षण कई बार एक जैसे दिख सकते हैं। इसलिए केवल लक्षणों के आधार पर यह अनुमान लगाना कि व्यक्ति को प्रोस्टेट कैंसर है, गलत है। इसके लिए मेडिकल जांच बहुत जरूरी है।

विज्ञापन • ADVERTISEMENT

कब हो जाएं सतर्क और कौन सी हैं जरूरी जांचें?

डॉ. अनूप कुमार के मुताबिक, किसी भी समस्या को सही ढंग से समझने के लिए डॉक्टर मरीज की पूरी मेडिकल हिस्ट्री, उसके लक्षणों और जीवनशैली से जुड़ी आदतों पर ध्यान देते हैं। इसके साथ ही कुछ जरूरी जांचें भी कराई जाती हैं। इनमें प्रोस्टेट स्पेसिफिक एंटीजन (PSA) ब्लड टेस्ट, सामान्य यूरिन टेस्ट और ब्लड शुगर की जांच शामिल हो सकती है। PSA टेस्ट प्रोस्टेट से संबंधित समस्याओं का पता लगाने में सहायक होता है, हालांकि केवल PSA का बढ़ा हुआ स्तर कैंसर का एकमात्र प्रमाण नहीं होता। जरूरत पड़ने पर डॉक्टर प्रोस्टेट की डिजिटल रेक्टल एग्जामिनेशन (DRE), अल्ट्रासाउंड या अन्य इमेजिंग जांचों की सलाह भी दे सकते हैं ताकि समस्या की जड़ तक पहुंचा जा सके।

डॉक्टर ने यह भी बताया कि पिछले कुछ वर्षों में भारत में संक्रामक बीमारियों के मुकाबले डायबिटीज, हाई ब्लड प्रेशर और किडनी से जुड़ी बीमारियों का बोझ काफी बढ़ा है। चिंताजनक बात यह भी है कि कम उम्र में ही कैंसर के मामले सामने आ रहे हैं। इसके पीछे बदलती जीवनशैली, शराब का सेवन, धूम्रपान और बढ़ते प्रदूषण जैसे कई जोखिम कारक भूमिका निभा सकते हैं। उनका मानना है कि अब कैंसर फैलाने वाले जीन भी बढ़ रहे हैं, जो कम उम्र में कैंसर का एक कारण हो सकता है।

डॉ. अनूप कुमार कहते हैं कि ऐसे लक्षणों में घबराने के बजाय सबसे महत्वपूर्ण कदम यह है कि समय रहते किसी अनुभवी यूरोलॉजिस्ट से सलाह ली जाए। उनका कहना है कि भारत में इन बीमारियों के इलाज के लिए आधुनिक और प्रभावी विकल्प उपलब्ध हैं। सही समय पर बीमारी की पहचान होने के बाद उसका उचित इलाज संभव है, जिससे मरीज को एक बेहतर और सामान्य जीवन जीने में मदद मिल सकती है।

डिस्क्लेमर एवं साभार

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर वायरल इस वीडियो के दावों की सत्यता की 'The Freelance' स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं करता है। यह वीडियो सोशल मीडिया पर व्यापक चर्चा का विषय बना हुआ है। वीडियो साभार: संबंधित सोशल मीडिया हैंडल / क्रिएटर।

प्रायोजित • SPONSORED
❤️
100% पाठक समर्थित मीडिया

निष्पक्ष व निडर पत्रकारिता को आपका साथ चाहिए

द फ्रीलांस बिना किसी कॉर्पोरेट या राजनीतिक दबाव के जनसरोकार की खबरें आप तक पहुँचाता है। आपका छोटा सा योगदान भी हमारी स्वतंत्रता की ताकत है।

संबंधित खबरें

वीडियो: गमले में धनिया उगाने के बाद बार-बार सूख जाता है पौधा? अपना लें यह जादुई तरीका, हमेशा बनी रहेगी हरियाली

वीडियो: गमले में धनिया उगाने के बाद बार-बार सूख जाता है पौधा? अपना लें यह जादुई तरीका, हमेशा बनी रहेगी हरियाली

रूस की एंटी-प्लेग लैब में रिसर्चर की संदिग्ध मौत के बाद हड़कंप, 200 लोग मेडिकल निगरानी में; जानें कितना खतरनाक है ये संक्रमण

रूस की एंटी-प्लेग लैब में रिसर्चर की संदिग्ध मौत के बाद हड़कंप, 200 लोग मेडिकल निगरानी में; जानें कितना खतरनाक है ये संक्रमण

जरूरत की खबर: शाकाहारियों के लिए प्रोटीन के बेहतरीन विकल्प, शरीर में इसके 10 जरूरी काम और कमी के 8 संकेत

जरूरत की खबर: शाकाहारियों के लिए प्रोटीन के बेहतरीन विकल्प, शरीर में इसके 10 जरूरी काम और कमी के 8 संकेत

आधुनिक जीवनशैली में मानसिक संतुलन और समग्र स्वास्थ्य: जानिए विशेषज्ञों के 5 अचूक सुझाव

आधुनिक जीवनशैली में मानसिक संतुलन और समग्र स्वास्थ्य: जानिए विशेषज्ञों के 5 अचूक सुझाव

जरूरत की खबर: साल के 972 घंटे रील्स की गिरफ्त में; क्या आप भी खो चुके हैं ध्यान का नियंत्रण? जानिए मानसिक स्वास्थ्य पर इसका घातक असर

जरूरत की खबर: साल के 972 घंटे रील्स की गिरफ्त में; क्या आप भी खो चुके हैं ध्यान का नियंत्रण? जानिए मानसिक स्वास्थ्य पर इसका घातक असर

इलेक्ट्रिक केटल के अंदर जम गए हैं चाय-दूध के जिद्दी पीले दाग? जूने से रगड़ने की बजाय अपनाएं ये आसान तरीका

इलेक्ट्रिक केटल के अंदर जम गए हैं चाय-दूध के जिद्दी पीले दाग? जूने से रगड़ने की बजाय अपनाएं ये आसान तरीका

कबाड़ में धूल फांक रही थी 300 साल पुरानी दुर्लभ मूर्ति, कीमत जानकर उड़ जाएंगे होश

कबाड़ में धूल फांक रही थी 300 साल पुरानी दुर्लभ मूर्ति, कीमत जानकर उड़ जाएंगे होश

बवासीर के इलाज में नीम-हकीम के चक्कर में पड़ी भारी, गर्म पत्थर शरीर के अंदर घुसने से बिगड़ी हालत और फिर...

बवासीर के इलाज में नीम-हकीम के चक्कर में पड़ी भारी, गर्म पत्थर शरीर के अंदर घुसने से बिगड़ी हालत और फिर...

✍️

लाइफस्टाइल एवं स्वास्थ्य डेस्क, द फ्रीलांस

सत्यापित संपादकीय डेस्क

स्वास्थ्य, वेलनेस, पोषण व जीवनशैली टीम

द फ्रीलांस की लाइफस्टाइल और हेल्थ डेस्क चिकित्सा विशेषज्ञों, प्रमाणित शोध पत्रों और स्वास्थ्य एजेंसियों के दिशा-निर्देशों के आधार पर सटीक और उपयोगी स्वास्थ्य परामर्श व जीवनशैली की खबरें प्रस्तुत करती है। हम निष्पक्ष, सटीक और तथ्यात्मक पत्रकारिता के लिए प्रतिबद्ध हैं। यह समाचार रिपोर्ट विभिन्न प्रमाणित समाचार एजेंसियों, आधिकारिक बयानों और स्थानीय संवाददाताओं से प्राप्त इनपुट के आधार पर तैयार की जाती है।

विज्ञापन • ADVERTISEMENT

संबंधित विजुअल स्टोरीज (Web Stories)

TAP TO VIEW

‘स्वास्थ्य’ व लाइफस्टाइल से जुड़ी अन्य बड़ी खबरें

वीडियो: गमले में धनिया उगाने के बाद बार-बार सूख जाता है पौधा? अपना लें यह जादुई तरीका, हमेशा बनी रहेगी हरियालीLIFESTYLE

वीडियो: गमले में धनिया उगाने के बाद बार-बार सूख जाता है पौधा? अपना लें यह जादुई तरीका, हमेशा बनी रहेगी हरियाली

8 अक्टू॰51
रूस की एंटी-प्लेग लैब में रिसर्चर की संदिग्ध मौत के बाद हड़कंप, 200 लोग मेडिकल निगरानी में; जानें कितना खतरनाक है ये संक्रमणLIFESTYLE

रूस की एंटी-प्लेग लैब में रिसर्चर की संदिग्ध मौत के बाद हड़कंप, 200 लोग मेडिकल निगरानी में; जानें कितना खतरनाक है ये संक्रमण

7 अक्टू॰34
जरूरत की खबर: शाकाहारियों के लिए प्रोटीन के बेहतरीन विकल्प, शरीर में इसके 10 जरूरी काम और कमी के 8 संकेतLIFESTYLE

जरूरत की खबर: शाकाहारियों के लिए प्रोटीन के बेहतरीन विकल्प, शरीर में इसके 10 जरूरी काम और कमी के 8 संकेत

1 अक्टू॰30
आधुनिक जीवनशैली में मानसिक संतुलन और समग्र स्वास्थ्य: जानिए विशेषज्ञों के 5 अचूक सुझावLIFESTYLE

आधुनिक जीवनशैली में मानसिक संतुलन और समग्र स्वास्थ्य: जानिए विशेषज्ञों के 5 अचूक सुझाव

18 सित॰46
जरूरत की खबर: साल के 972 घंटे रील्स की गिरफ्त में; क्या आप भी खो चुके हैं ध्यान का नियंत्रण? जानिए मानसिक स्वास्थ्य पर इसका घातक असरLIFESTYLE

जरूरत की खबर: साल के 972 घंटे रील्स की गिरफ्त में; क्या आप भी खो चुके हैं ध्यान का नियंत्रण? जानिए मानसिक स्वास्थ्य पर इसका घातक असर

5 अक्टू॰16
इलेक्ट्रिक केटल के अंदर जम गए हैं चाय-दूध के जिद्दी पीले दाग? जूने से रगड़ने की बजाय अपनाएं ये आसान तरीकाLIFESTYLE

इलेक्ट्रिक केटल के अंदर जम गए हैं चाय-दूध के जिद्दी पीले दाग? जूने से रगड़ने की बजाय अपनाएं ये आसान तरीका

8 अक्टू॰27
कबाड़ में धूल फांक रही थी 300 साल पुरानी दुर्लभ मूर्ति, कीमत जानकर उड़ जाएंगे होशLIFESTYLE

कबाड़ में धूल फांक रही थी 300 साल पुरानी दुर्लभ मूर्ति, कीमत जानकर उड़ जाएंगे होश

7 अक्टू॰28
बवासीर के इलाज में नीम-हकीम के चक्कर में पड़ी भारी, गर्म पत्थर शरीर के अंदर घुसने से बिगड़ी हालत और फिर...LIFESTYLE

बवासीर के इलाज में नीम-हकीम के चक्कर में पड़ी भारी, गर्म पत्थर शरीर के अंदर घुसने से बिगड़ी हालत और फिर...

8 अक्टू॰35
विज्ञापन • ADVERTISEMENT